कृषि उन्नति मेले में प्रदर्शनी लगाकर किसानों को किया जागरूक

दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान द्वारा गो संरक्षण एवं संवर्धन हेतु “कामधेनु” नामक एक सामाजिक प्रकल्प चलाया जा रहा है! इसका मुख्य उद्देश्य देसी नस्ल की गायों की रक्षा एवं उपयोगिता के बारे में जनजन को जाग्रित करना है! हाल ही में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद, पूसा (नई दिल्ली) के मेला ग्राउंड में तीन दिवसीय कृषि उन्नति मेले का आयोजन किया गया! जिसमें कृषि एवं किसान विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा संस्थान की कामधेनु गौशाला को भी आमंत्रित किया गया! जिसमें भारत के माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी किसानों को सम्बोधित किया। इसके अतिरिक्त कृषि सम्बंधित मुद्दों के लिए विशेषज्ञों की गोष्टी का आयोजन कर सामूहिक चर्चा की गई! गुरुदेव श्री आशुतोष महाराज जी के प्रचारक शिष्यों ने इस चर्चा में देसी गायों के नस्ल सुधार हेतु किए जाने वाले कार्यों पर जोर दिया!

उन्होंने बताया कि दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान का कामधेनु संरक्षण एवं संवर्धन अनुसन्धान केंद्र पूरे भारत में विशिष्ट प्रजातियों की उत्कृष्ट गुणों वाली गायों को विकसित करने और उनके संवर्धन के क्षेत्र में वैज्ञानिक प्रणालियों के उपयोग में अपनी अलग पहचान बना चुका है। कामधेनु गौशाला की वैज्ञानिक प्रणाली और विश्व स्तरीय प्रबंधन को सीखने और जानने के लिए अन्य देशों से शोधकर्ता और कृषि व गौपालन के विद्यार्थी भी यहाँ आते हैं।

कामधेनु देसी गायों के संरक्षण एवं संवर्धन में पिछले 10 सालों से कार्यरत है। लगभग लुप्त हो गयी नस्ल साहिवाल को बचाने व उसके नस्ल सुधार में दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान की कामधेनु गौशाला का योगदान अद्वितीय माना जाता है। इस कार्यक्रम में किसानों वैज्ञानिकों एवं विशेषज्ञों के साथ साथ श्री राधामोहन सिंह जी (कृषि राज्य मंत्री), श्रीमती कृष्णा राज जी ( सचिव, कृषि मंत्रालय ) ने भी संस्थान द्वारा लगाई गई कामधेनु प्रदर्शनी में अपनी उपस्तिथि देकर संस्थान द्वारा देसी गाय के नस्ल सुधार हेतु किए जाने वाले कार्यों की प्रशंसा की!