गांधी जयंती पर बापू के जीवन और बातों से लें सफलता के ये टिप्स

आज 2 अक्टूबर, 2019 को महात्मा गांधी की 150वीं जयंती है। गांधीजी का योगदान सिर्फ देश को आजादी दिलाने तक ही सीमित नहीं था बल्कि उनका पूरा जीवन एक प्रेरणा की तरह था। दुनिया भर को अहिंसा का मंत्र देने वाले गांधीजी के जन्मदिन को पूरा विश्व अंतर्राष्ट्रीय अहिंसा दिवस के तौर पर मनाता है। गांधी जी ने अहिंसा के रास्ते पर चलकर ही साउथ अफ्रीका में रह रहे 75000 भारतीयों को उनके अधिकार दिलाए।

गांधी जी इस बात में बहुत विश्वास करते थे कि हिंसा के रास्ते पर चलकर आप कभी भी अपने अधिकार नहीं पा सकते। उन्होंने विरोध करने के लिए सत्याग्रह और अहिंसा का रास्ता अपनाया। सत्याग्रह शब्द संस्कृत के सच और आग्रह शब्द से लिया गया है। गांधी जी के अहिंसा और सत्याग्रह जैसे मंत्रों ने भारत को आजादी दिलाई।

गांधीजी के इन विचारों से मिलते हैं सफलता के मंत्र

महात्मा गांधी के सबसे लोकप्रिय कथनों में से एक है- आपका भविष्य इस बात पर निर्भर है कि आप आज क्या करते हैं. यह आज की दुनिया की सबसे बड़ी सीख में से एक है। लोग अकसर फैसले लेने में गलतियां कर बैठते हैं। वे कल के लिए नहीं सोचते और सिर्फ ‘आज’ पर ही खर्च करते हैं। अगर वर्तमान में फैसले सही होंगे तो भविष्य भी अच्छा होगा।

कथन – अपने आपको को जीवन में ढूंढ़ना है तो लोगों की मदद में खो जाओ।
कहते हैं कि ज्ञान जितना बांटोगे उतना बढ़ेगा। इसलिए सभी की मदद करें। इससे आपका व्यक्तित्व निखरेगा। ज्ञान बढ़ेगा।

कथन – पहले वह आपकी उपेक्षा करेंगे, उसके बाद आपपे हसंगे, उसके बाद आपसे लड़ाई करेंगे, उसके बाद आप जीत जायेंगे। 
गांधीजी का ये मंत्र बताता है कि धैर्य रखें। लड़ते रहें। सफलता के लिए आगे बढ़ते रहे।

कथन – विश्वास करना एक गुण है, अविश्वास दुर्बलता की जननी”
महात्मा गांधी का जीवन ऐसे कई उदाहरणों से भरा है, जो उनके मजबूत चरित्र की पहचान हैं। उनका आत्मविश्वास, दृढ़ निश्चय, अटूट साहस और अदम्य धीरज उन्हें उनके लक्ष्य यानी आजादी तक लेकर गए। उन्होंने करोड़ों लोगों को अपना मुरीद बनाया।

गांधीजी का कथन- ”जो समय बचाते हैं वे धन बचाते हैं और बचाया धन कमाए हुए धन के समान महत्वपूर्ण है।”
जरूरी है कि आप अपने लिए वित्तीय अनुशासन अपनाए। कल के लिए बचत करें। उस बचत को सही जगह और सही मिश्रण के साथ निवेश भी करें|