रातभर में 4 इंच से अधिक बारिश

उज्जैन। लंबे इंतजार के बाद शहरवासियों को मानसून की पहली झड़ी ने राहत पहुंचाई। वैधशाला अधीक्षक के अनुसार रात भर में 110 मिमी बारिश दर्ज हुई है वहीं गंभीर बांध प्रभारी ने बताया कि रात भर से कैचमेंट एरिया में हो रही बारिश से गंभीर में अब तक 44 एमसीएफटी पानी आया है और पानी की आवक लगातार जारी है।
बीती रात कभी तेज तो कभी धीमी रफ्तार से हो रही बारिश का क्रम सुबह 12 बजे तक जारी रहा। लंबे समय से तेज बारिश का इंतजार कर रहे शहरवासियों ने मानसून की पहली झड़ी से राहत महसूस की साथ ही मौसम में भी ठण्डक घुल गई। हालांकि शहर के निचले इलाकों में तेज बारिश के कारण नाले-नालियां ऊफनने के कारण घरों में पानी भराया और रहवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ा, नगर निगम की टीम द्वारा सूचना मिलने के तुरंत बाद नाले-नालियों की सफाई कराई गई।

इन क्षेत्रों में भरा पानी
लोहे का पुल, मोहन नगर, एकता नगर, गणेश् कालोनी, गरीब नवाज कालोनी आदि क्षेत्रों में तेज बारिश के दौरान नाले ऊफन गये और गंदा पानी सड़कों पर आने के बाद घरों में आ गया। लोगों की शिकायत पर नगर निगम की सफाई टीम ने जेसीबी की मदद से नालों की सफाई प्रारंभ की साथ ही नालों के ऊपर बने अतिक्रमण भी तोड़कर पानी की निकासी सुचारू की गई।

जारी रहेगा बारिश का दौर
रात में झमाझम बारिश हुई जिससे शहर की निचली बस्तियों में पानी भर गया। जीवाजी वेधशाला अधीक्षक डॉ. राजेंद्र प्रसाद गुप्ता ने बताया कि अभी तक 152 मिलीमीटर बारिश हुई थी, लेकिन रात में 110 मिलीमीटर बारिश होने से यह आंकड़ा 262 मिली मीटर पर पहुंच गया है। बंगाल की खाड़ी अरब सागर से कोटा मानसून सिस्टम सक्रिय हो गया है। जिससे मालवांचल सहित मध्यप्रदेश के अन्य क्षेत्रों में अच्छी बारिश होगी।

शिप्रा नदी में मिला नालों का पानी
रात भर से कभी धीमी तो कभी तेज हो रही बारिश शहर व आसपास के ग्रामीण इलाकों में जारी रहने से शिप्रा नदी का जलस्तर छोटे पुल को छू गया। सुबह छोटे पुल से टकराकर पानी बह रहा था। हालांकि सिंहस्थ के पहले करोड़ों रुपये खर्च कर रूद्रसागर स्थित नाले के पानी को पाइप लाइन के जरिये सदावल के लिये निकाला गया था उक्त पाइप लाइन के चेम्बर चौक हो जाने से गंदा पानी सीधे शिप्रा नदी में मिल रहा था।

गंभीर में पानी की आवक जारी
अंबोदिया स्थित गंभीर बांध में 170 एमसीएफटी पानी था लेकिन रात में हुई जोरदार बारिश के बाद गंभीर बांध में 44 एमसीएफटी पानी बढ़ गया है। सुबह तक गंभीर बांध में 214 एमसीएफटी पानी हो चुका है। अब बारिश का पानी खेतों से होकर बांध तक पहुंच रहा है, जबकि कुछ दिनों पहले तक हल्की बारिश का पानी खेतों में ही उतर रहा था लेकिन अब खेतों में पर्याप्त नहीं हो चुकी है।