विद्या के साथ आध्यात्म की शिक्षा भी जरूरी

चारधाम विद्यापीठ में राष्ट्रीयता, स्वच्छता और पर्यावरण का संदेश, अतिथियों को पौधे भेंट

उज्जैन। आज के समय में आधुनिक शिक्षा के साथ धर्म और आध्यात्म की शिक्षा भी बच्चों के लिए आवश्यक है। राष्ट्र के प्रति समर्पण और भारतीय संस्कारों की शिक्षा भी दी जाना चाहिए।

यही नहीं बच्चों के जीवन में बाल्यकाल से ही शिक्षा का प्रभाव भी दिखाई देना चाहिए। हमें आधुनिक शिक्षा के गौरवशाली इतिहास को कभी नहीं भूलना चाहिए।
यह बात चारधाम मंदिर प्रांगण में संचालित चारधाम विद्यापीठ के प्रथम वार्षिक उत्सव में चारधाम मंदिर के पीठाधीश्वर स्वामी शांतिस्वरूपानंद गिरि महाराज ने कही।

विद्यापीठ की डायरेक्टर डॉ. नीतू सिंह ने विद्यालय की गतिविधियों और शिक्षा के संदर्भ से अवगत करवाया। पार्षद लीला वर्मा, गीता चौधरी का स्वागत संस्था की कीर्ति बैरागी ने पौधे भेंटकर किया तो मुख्य अतिथि विधायक पारस जैन, नगर निगम अध्यक्ष सोनू गेहलोत का स्वागत मालवी पगड़ी पहनाकर किया गया। स्वागत संस्था जे अशोक प्रजापत ने किया। इस अवसर पर विद्यापीठ के बच्चों ने मनमोहक प्रस्तुतियां भी दीं।

महामंडलेश्वर शांतिस्वरूपानंद आज होंगे प्रयाग रवाना, कुंभ में लगेगा चारधाम का शिविर

उज्जैन। चारधाम मंदिर के पीठाधीश्वर एवं महामंडलेश्वर स्वामी शांतिस्वरूपानंद महाराज 21 जनवरी को प्रयागराज में चल रहे कुंभ मेले के लिए रवाना होंगे। महाराज यहां से इंदौर पहुंचेंगे और इंदौर से प्रयाग जाएंगे।

महाराजश्री का भी प्रयाग कुंभ में शिविर लगेगा। शिविर बनकर तैयार हो चुका है। महाराजश्री के वहां पहुंचने के बाद इसका किया जाएगा। उज्जैन से महाराज के शिष्य रामलखन शर्मा ने बताया प्रयाग कुंभ में अखंड आश्रम ट्रस्ट चारधाम मंदिर का शिविर औपचारिक रूप से 15 जनवरी से आरंभ कर दिया गया था जो 19 फरवरी तक चलेगा।

इस बीच 4 से 10 फरवरी तक प्रतिदिन दोपहर 2 से शाम 6 बजे तक महाराजश्री की भागवत कथा होगी व 10 फरवरी को महाराज का संन्यास दीक्षा जन्मोत्सव बसंत पंचमी महापर्व शाही स्नान के अवसर पर मनाया जाएगा।