सुरक्षा को लेकर चाक चौबंद प्रबंध, सीसीटीवी से निगरानी

इंदौर. अयाेध्या विवाद पर शनिवार को सुप्रीम कोर्ट का फैसला आ चुका है।शहर में सुरक्षा की दृष्टि से अलर्ट जारी है। प्रदेशभर में स्कूल कॉलेज बंद है। इंदौर सहित पूरे मालवा निमाड़ में पुलिस द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। प्रशासन और पुलिस ने आम जनता से शांति की अपील की है।

10 नवंबर को मुख्यमंत्री कमलनाथ इंदौर में सिख समुदाय के नगर कीर्तन के साथ ही आईटीए अवार्ड कार्यक्रम में शामिल होने के लिए इंदौर आने वाले थे। अयोध्या फैसले को देखते हुए मुख्यमंत्री का इंदौर दौरा निरस्त कर दिया गया है।

असामाजिक तत्व और सांप्रदायिकता फैलाने वालों पर पुलिस की पैनी नजर बनी हुई है। खरगोन में फैसले के बाद आतिशबाजी कर रहे दो युवकों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। जिले में धारा 144 लागू है जिसके तहत आतिशबाजी को भी प्रतिबंधित किया गया है। वहीं इंदौर के लोधीपुरा और बियाबानी क्षेत्र में भी कुछ युवकों द्वारा आतिशबाजी की जा रही थी जिन्हें पुलिस ने खदेड़ दिया।

10 नवंबर को सिख समुदाय और मुस्लिम समुदाय ने रद्द किए आयोजन

रविवार को सिख समुदाय नगर कीर्तन नहीं निकालेगा। अयोध्या मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद यह निर्णय लिया गया है। सिख समुदाय के प्रतिनिधियों ने इंदौर कलेक्टर से मिलकर उन्हें निर्णय से अवगत कराया। वहीं मुस्लिम समाज ने भी ईदमिलादुन्नबी के अवसर पर रविवार को निकलने वाले जुलूस  को निरस्त कर दिया है। समाज द्वारा लिखित में प्रशासन को इसकी जानकारी दी गई।