CM शिवराज का ऐलान- अब दिव्यांगों को शादी के लिए 2 लाख रुपये देगी सरकार

दिव्यांग किसी से कम नही।सिर्फ सरकार और समाज का सहयोग मिल जाये तो यह चमत्कार कर सकते है। देश प्रदेश के विकास में दिव्यांगों का साथ भी जरूरी है।थोड़े से सहयोग से दिव्यांग दुगुना समाज को देंगे। दिव्यांग सबकी प्रेरणा कर्मनिष्ठा के बल पर है। केंद्र सरकार ने दिव्यांगों के लिए अद्धभुत प्रयास किये है। केंद्रीय मंत्री थावरचंद गहलोत दिव्यांगों के लिए काम करने वाले सबसे बेहतरीन मंत्री है। यह बात मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान आज शनिवार को आर.सी.व्ही.पी. नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी भोपाल में बौद्धिक एवं विकासात्मक दिव्यांगजनों के लिये आयोजित ‘समावेशी भारत’ विषयक कार्यशाला के दौरान कहीं। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार ने 2 लाख udid कार्ड जारी किए है। बछु विकलांगो को पेंशन दी है, साथ ही सिंगल क्लिक से पेंशन दिव्यांगों के खातों में पहुंची है। अब प्रदेश सरकार 2 लाख रुपये दिव्यांगों को विवाह पर देगी।इसके साथ दिव्यांगों को स्मार्ट फोन दिए जाएंगे। ।सरकार हर संभव सहयोग प्रयास करेगी।

मध्यप्रदेश सरकार द्वारा दिव्यांगजनों की सुविधा व उनके उत्थान हेतु विभिन्न कल्याणकारी योजनाएँ चलाई जा रही हैं। दिव्यांगों को किसी चीज़ की कमी न रहे, यही हमारा लक्ष्य है।उन्होंने कहा कि चलो जलाएँ दीप वहाँ, जहाँ अभी भी अँधेरा है। कोई घर अँधेरे में न रहे। कोई घर बिना प्रकाश के न रहे। किसी की ज़िंदगी बिना रोशनी के न रहे। हर चेहरे पर मुस्कुराहट रहे। यह लक्ष्य है हमारा और हम इसे प्राप्त करके रहेंगे।उन्होंने कहा कि इस कार्यशाला में अत्यंत महत्वपूर्ण सुझाव आएंगे।इन सुझावों को मध्य प्रदेश सरकार क्रियान्वयन करने वाला पहला राज्य बनेगा।

कार्यक्रम में केन्द्रीय राज्य मंत्री, सामाजिक न्याय एवं नि:शक्तजन कल्याण विभाग कृष्णपाल गुर्जर तथा प्रदेश के सामाजिक न्याय एवं नि:शक्तजन कल्याण मंत्री गोपाल भार्गव और राज्य मंत्री संजय पाठक, सासंद आलोक संजर तथा अध्यक्ष राष्ट्रीय न्यास, डॉ. कमलेश कुमार पाण्डेय शामिल हुए।बता दे कि कार्यशाला का आयोजन राष्ट्रीय न्यास, दिव्यांग सशक्तिकरण विभाग, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकार एवं सामाजिक न्याय विभाग मध्यप्रदेश शासन के संयुक्त तत्वाधान में किया जा रहा है।