Monday, December 11, 2023
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उज्जैन में अजब गजब: बारिश होने या हवा चलने से चाहे जब हो जाता अंधेरा

उज्जैन में अजब गजब: बारिश होने या हवा चलने से चाहे जब हो जाता अंधेरा

एक गांव में फाल्ट तो आठ गांवों की बिजली गुल….

अक्षरविश्व न्यूज . उज्जैन:अपना उज्जैन भी कुछ मामलों में अजब गजब है। इंदौर रोड के आठ गांव ऐसे हैं जहां एक गांव में अगर फाल्ट हो जाए तो अन्य सभी गांवों में बिजली गुल हो जाती है। मुश्किल यह कि ऐसा कभी कभी नहीं बल्कि बार बार होता है और कभी भी घरों में अंधेरा छा जाता है।

विधानसभा चुनाव में मतदाताओं को खुश करने में जुटी शिवराज सरकार के लिए यह खतरे की घंटी है। फतियाबाद ग्रिड से जुड़े गांव बिजली की अजीब समस्या से जूझ रहे हैं। पंथपिपलई, गंगेड़ी, नवाखेड़ा, टकवासा, ब्रजराजखेड़ी, राघोपिपलिया, जीवनखेड़ा, जिरोलिया जैसे प्रमुख गांवों के हजारों लोग बिजली गुल होने की समस्या से जूझ रहे हैं।

बारिश होने या तेज हवा चलने के कारण इनमें से किसी भी एक गांव में फाल्ट हो जाता है तो सभी गांवों की बिजली बंद करना पड़ती है। फाल्ट सुधरने के बाद ही सभी गांवों में विद्युत आपूर्ति बहाल हो पाती है। गांवों के सरपंच इस मामले में विद्युत विभाग के अधिकारियों को लिखित पत्र दे चुके हैं, लेकिन समस्या दूर नहीं हो पा रही।

एक फीडर के कारण सब परेशान…!

बिजली विभाग के अधिकारी भी इस समस्या से परेशान हैं, क्योंकि शासन स्तर से ही इसका निराकरण हो सकता है। बिजली कर्मचारियों के अनुसार पंथपिपलाई के फीडर से गांव जुड़े हैं। इससे यह समस्या बनी हुई है। इस तकनीकी समस्या के कारण किसी एक गांव में फाल्ट होता है तो सभी आठ या अन्य गांवों की बिजली भी काटना पड़ती है। केबल पुरानी होने से भी फाल्ट अधिक होते हैं।

एक फीडर से कई गांव कनेक्ट हैं, इस कारण यह समस्या आ रही है। दाउदखेड़ी गांव में नई ग्रिड बनाने का काम चल रहा है। इसके बनने से एक फीडर से ज्यादा गांव नहीं रहेंगे। जिससे यह समस्या खत्म हो जाएगी।-गौरव मांझी, एई विद्युत विभाग

यह सही है कि किसी एक गांव की बिजली फाल्ट होती है तो हमारे सहित अन्य गांवों की बिजली भी बंद हो जाती है। इसके लिए अधिकारियों को शिकायत कर चुके हैं और जिम्मेदारों को भी समस्या बता चुके, लेकिन अब तक कोई निराकरण नहीं हो सका।-माया राकेश सोलंकी, सरपंच गंगेड़ी

मेरा घर तपोभूमि के पास तपोधाम में है। यहां भी आठ गांवों के साथ बिजली गुल हो जाती है। इस कारण मुझे सोलर पैनल लगवाना पड़े। इस समस्या को लेकर शासन को पत्र भेजूंगी।-डॉ. प्रतिमा जोशी, सेवानिवृत्त वैज्ञानिक, प्रदूषण निवारण मंडल

चुनाव में भाजपा के लिए बनेगा मुसीबत

यह मुद्दा चुनाव में भाजपा के लिए मुसीबत बन सकता है, क्योंकि आठ से अधिक गांवों से जुड़े लोग परेशान हैं। कांग्रेस इसे लेकर लोगों की सहानुभूति हासिल कर सकती है। सभी गांवों की बिजली का कनेक्शन अलग अलग करने पर ही यह समस्या दूर हो सकती है।

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