Advertisement

घड़ी क्या गुल खिलाएगी

सियासी गर्माहट के बीच एक कार्यक्रम में क्षेत्र विशेष के पुजारियों का सम्मान किया गया। इस दौरान सभी को घड़ी भेंट की गई और सम्मान स्वरूप लिफाफे भी बांटे गए। चुनाव के दौरान पुजारियों का यह ‘सम्मानÓ राजनीतिक सरगर्मी पकड़ रहा है। पूछा जा रहा है कि चुनाव से ठीक पहले पुजारियों की याद क्यों आई। इस मामले को लेकर कांग्रेस भी अपनी तैयारी कर रही है। इस दौर में एक उम्मीदवार ने पुजारियों को घड़ी के साथ लिफाफे बांटकर चुनाव जीतने का नया फॉर्मूला ढूंढ लिया है।

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

Advertisement

इवेंट मैनेजमेंट कंपनी का सहारा…

 

नेता नगरी इस बार विधानसभा चुनाव को इवेंट के तौर पर ले रही है। शायद यही वजह है कि इस चुनाव में कुछ उम्मीदवारों ने इवेंट मैनेजमेंट कंपनी को हायर कर लिया है। वर्कआर्डर भी जारी कर दिया कौन क्या, कैसे, कब करने वाला है यह सब कुछ तय कर लिया गया।

Advertisement

उत्तर-दक्षिण में रोचक स्थिति

विधानसभा चुनाव करीब आते ही सियासी माहौल गरमाने लगा है। इस बार उत्तर और दक्षिण विधानसभा क्षेत्र में रोचक स्थिति बन गई है। दक्षिण की सीट से भाजपा ने उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. मोहन यादव को मैदान में उतार दिया है तो कांग्रेस ने उत्तर विधानसभा से ब्राह्मण और महिला कार्ड खेलकर भाजपा के सामने मुश्किलें खड़ी कर दी है। अब वह भी ब्राह्मण कार्ड से जवाब देगी या नहीं, इसको लेकर अटकलों का बाजार गर्म हो गया है।

Advertisement

उज्जैन उत्तर से भाजपा अब किसे मैदान में उतारेगी, यह सवाल चर्चा में है। कांग्रेस ने माया त्रिवेदी को अपना उम्मीदवार बनाकर महिलाओं की सद्भावना हासिल करने की कोशिश की है। भाजपा भी जल्द ही अपने उम्मीदवार की घोषणा करेगी, क्योंकि उसके पास वक्त कम और सीट को अपने पास बनाए रखने की बड़ी चुनौती है। भाजपा की खामोशी इस बात का संकेत दे रही है कि वह कोई चौंकाने वाला निर्णय ले सकती है।

पहलवान को जारी करना पड़ा वीडियो

सोशल मीडिया पर कब क्या वायरल हो जाए कहा नहीं जा सकता है। अब पहलवान पारस जैन को ही लीजिए…? किसी ने सोशल मीडिया पर टिकट के संबंध में अपनी पोस्ट पर लिखा इस बार जैन की उम्मीदवारी को लेकर संशय की स्थिति है। बढ़ती उम्र भी जैन का नकारात्मक पक्ष है। जैन के स्वास्थ्य को लेकर भी चर्चा होने लगी। यह पोस्ट तेजी से सोशल मीडिया पर इधर-उधर होने लगी। इसके बाद पहलवान को स्थिति स्पष्ट करने के लिए सोशल मीडिया पर आना पड़ गया। अपनी फिटनेस के प्रति हमेशा सजग रहने वाले पारस जैन ने कहा कि कुछ लोग मेरा टिकट कटवाने के लिए निराधार बात सोशल मीडिया पर पोस्ट कर रहे हंै। मैं पूरी तरह फिट हूं।

यह बात जरूर है कि मेरी उम्र 73 वर्ष की हो गई है। हालांकि इससे ज्यादा उम्र वालों को भी टिकट दिया है। मुझे लगता है की भाजपा टिकट मुझे ही देगी। इसके अलावा जैन समर्थकों ने सोशल मीडिया पर पोस्ट अपलोड की। इसमें पहलवान जिम में कसरत के आधुनिक उपकरणों पर मेहनत कर पसीना बहाते नजर आ रहे हैं।

‘विवेक’ का निर्णय क्या होगा…?

कांग्रेस में टिकट मिलने की उम्मीद में लाखों रुपए खर्च करने वाले विवेक (विक्की) यादव समर्थकों में पार्टी के फैसले से नाराजी है। इसको लेकर कई कयास लगाए जा रहे हैं, लेकिन यादव ने बताया वे अपने समर्थकों के साथ मंगलवार को एक बैठक करेंगे। इसके बाद अगला निर्णय तय करेंगे। हालांकि पार्टी के बड़े नेता उनके संपर्क में हैं और नाराजगी दूर करने की कोशिश कर रहे हैं।

विरोध में कांग्रेसी नदारद

कांग्रेस में उज्जैन उत्तर से पार्षद माया त्रिवेदी को टिकट देने का विरोध सामने आया है। विरोध भी कौन कर रहा है, यह सबसे बड़ा सवाल..? विरोध में जो लोग सामने आए है, उनमें गिनती के भी कांग्रेसी नजर नहीं आ रहे थे। टिकट वंचित नेता के मित्र और भाई-भतीजे, रिश्तेदार ज्यादा थे। कांग्रेसी तो नाममात्र के थे। इसके बाद यही चर्चा है कि क्या यह विरोध कांग्रेसी कर रहे हैं..?

Related Articles