रहवासी बोले- ट्रैफिक व्यवस्थित व अतिक्रमण हटा दें तो बच जाएंगी हमारी दुकान और मकान

महाकाल चौराहा-गोपाल मंदिर चौड़ीकरण: व्यापारी-रहवासियों ने निकाली वाहन रैली
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अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। महाकाल चौराहा-गोपाल मंदिर चौड़ीकरण से प्रभावित व्यापारियों और रहवासियों ने सोमवार को अपने प्रतिष्ठान बंद रख वाहन रैली निकाली और प्रशासन, महापौर, निगमायुक्त और निगम सभापति से मार्ग का चौड़ीकरण नहीं करने की गुहार लगाई। इन्होंने कहा कि ट्रैफिक व्यवस्थित और अतिक्रमण हटा दें तो हमारी दुकान-मकान बच जाएंगे। चौड़ीकरण की नौबत ही नहीं आएगी। प्रशासनिक संकुल पर एसडीएम पवन बारिया को ज्ञापन सौंपा।
दरअसल मास्टर प्लान के मुताबिक महाकाल चौराहा से गोपाल मंदिर तक मार्ग का चौड़ीकरण किया जा रहा है। इस मार्ग पर 206 भवन-दुकान और ३ धर्मस्थल चौड़ीकरण के दायरे में आ रहे हैं। सिंहस्थ के सबसे प्रॉमिनेट इस मार्ग पर सबसे बड़ी समस्या अव्यवस्थित ट्रैफिक और अतिक्रमण है। महाकाल मंदिर से बाजार को जोडऩे वाले इस मार्ग पर पटनीबाजार, सोना-चांदी बाजार जैसे बड़े मार्केट हैं। यहां से बड़े चल समारोह, जुलूस, बारात भी निकलते रहते हैं। प्रस्तावित 20 मीटर चौड़े इस रोड पर अभी दुकानों की लंबाई 17 से 20 फीट के बीच है। प्रस्तावित चौड़ीकरण से दोनों तरफ 12-12 फीट का हिस्सा आएगा। ऐसे में दुकानों की साइज घटकर 5 से 8 फीट की रह जाएगी। चूंकि बर्तन बाजार में सामान ज्यादा रखना पड़ता है, ऐसे में इतनी छोटी दुकानों में कारोबार करना मुश्किल होगा।
बर्तन व्यापारी एवं निर्माता संघ के सचिव प्रकाश आच्छा ने बताया कि पटनीबाजार और सराफा बाजार में 100 से 150 साल पुरानी दुकानें और मकान हैं। 2 हजार परिवार दोनों बाजार से सीधे जुड़े हैं। यह सभी प्रभावित होंगे। हमारा प्रशासन से आग्रह है कि वह बाजार से अतिक्रमण हटा दे और ट्रैफिक व्यवस्थित कर दें तो चौड़ीकरण की जरूरत नहीं पड़ेगी। सिंहस्थ में तो यह मार्ग नो व्हीकल जोन रहता ही है। अतिक्रमण हटाने और ट्रैफिक व्यवस्थित करने में हर तरह की मदद करने को व्यापारी तैयार हैं।
आज यह हुआ
व्याापारियों ने परिवार के साथ पटनीबाजार से रैली निकाली। गोपाल मंदिर, छत्रीचौका, बड़ा सराफा, कंठाल चौराहा, नईसड़क, दौलतगंज चौराहा, मालीपुरा, देवासगेट, चामुंडामाता चौराहा, फ्रीगंज ओवरब्रिज, टॉवरचौक होते हुए सभी प्रशासनिक संकुल पहुंचे और ज्ञापन सौंपा। व्यापारियों के पांच सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल ने निगम कार्यालय पहुंचकर महापौर, निगम सभापति, निगमायुक्त से मुलाकात की और चौड़ीकरण नहीं करने की अपील की।
क्या है योजना
600 मीटर लंबा मार्ग
20 मीटर चौड़ा होगा
अभी 10 से 15 फीट है चौड़ाई
24.09 करोड़ रहेगी लागत
206 भवन-दुकान होंगे प्रभावित
75 फीसदी भवन प्रभावित होने पर ही मिलेगा मुआवजा
एफएआर (फ्लोर एरिया रेशियो) और टीडीआर (ट्रांसफरबेल डेवलपमेंट राइट्स) दिया जाएगा प्रभावित को
3 धर्मस्थल आएंगे दायरे में
प्रशासन सराफा और बर्तन बाजार की जगह मुहैया करा दे, बाजार हम बना लेंगे
आच्छा ने कहा कि अगर चौड़ीकरण की बहुत जरूरत है तो प्रशासन सराफा और बर्तन बाजार के लिए जमीन मुहैया करा दे, बाजार के लिए दुकानों का निर्माण हम व्यापारी कर लेंगे। यह जमीन सामाजिक न्याय परिसर या शहरी क्षेत्र में कहीं भी हो सकती है।
मुआवजे के लिए नगर निगम पहुंचे कांग्रेसी, विशेष सम्मेलन भी जारी
उज्जैन। नगर निगम में सोमवार सुबह 11 बजे से निगम अध्यक्ष कलावती यादव की अध्यक्षता में विशेष सम्मेलन शुरू हुआ। इसके पहले चौड़ीकरण में प्रभावितों के साथ कांग्रेस ने निगम गेट पर प्रभावितों को राहत देने की मांग उठाई। नेता प्रतिपक्ष रवि राय के नेतृत्व में कांग्रेस पार्षदों ने एमआर-4 और पिपलीनाका रोड चौड़ीकरण की प्रस्तावित चौड़ाई करने और प्रभावितों को दोगुना मुआवजा देने की मांग की।
निगम सम्मेलन में मुख्य रूप से दो प्रमुख मार्गों के चौड़ीकरण और प्रभावितों को राहत देने के प्रस्ताव रखे जाएंगे। स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत भारत माता मंदिर से अहिल्याबाई मार्ग तक सड़क की चौड़ाई 15 मीटर की जा रही है। इसमें प्रभावित 12 मकानों को नियमानुसार मुआवजा देने पर चर्चा होगी। वीडी मार्केट से छोटी पुलिया तक मार्ग चौड़ीकरण में प्रभावित एक भवन के लिए 15.23 लाख रुपये का मुआवजा प्रस्तावित है।
इन प्रस्तावों पर लग सकती है मुहर
जर्जर सुलभ कॉम्प्लेक्स- देवास गेट और मंदिर क्षेत्र के 5 पुराने शौचालयों को तोड़कर नए निर्माण का प्रस्ताव।
सामुदायिक भवन- आगर रोड वार्ड-3 में भवन निर्माण के लिए स्थल परिवर्तन।
विज्ञापन नीति- शहर में आउटडोर विज्ञापनों (यूनिपोल, एलईडी) के लिए नए शुल्क निर्धारण पर चर्चा।









