राम दरबार में हर स्लॉट में 300 श्रद्धालुओं को मौका

अयोध्या। राम मंदिर में रामलला के दर्शन के साथ राजा राम का दर्शन भी शुक्रवार से शुरू हो गया है। हालांकि इसकी भूमिका सात जून को तीर्थ क्षेत्र के ट्रस्टीज की बैठक में भी बन गई थी। भवन-निर्माण समिति चेयरमैन नृपेन्द्र मिश्र ने दस दिनों में दर्शन सुलभ हो जाने की संभावना जताई थी। फिर भी तीर्थ क्षेत्र महासचिव चंपत राय ने उनके वक्तव्य का खंडन करते हुए 40 सीढ़ी ऊपर चढऩे से संबंधित विविध समस्याओं का जिक़्र करते स्पष्ट कर दिया था कि अभी यह संभव नहीं है।
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विशिष्ट और सुगम दर्शन के लिए पास की व्यवस्था- तीर्थ क्षेत्र के न्यासी डा. अनिल मिश्र ने बताया कि रामलला के दर्शन की ही तरह राम दरबार के दर्शन के लिए भी पहले से सुनिश्चित दो-दो घंटे के स्लाट यथा सुबह सात से नौ बजे, नौ से 11 बजे, अपराह्न एक से तीन बजे, तीन से पांच बजे, सायंकाल पांच से सात बजे व सात से नौ बजे के स्लाट में तीन-तीन सौ पास जारी होंगे। जिला प्रशासन व श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के कोटे में डेढ़ सौ-डेढ़ सौ पास आवंटित किए गए।