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716 करोड़ से बन रहे रोड का 85% काम पूरा,

देवास-उज्जैन फोरलेन से सीधे इंदौर मार्ग पर

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716 करोड़ से बन रहे रोड का 85% काम पूरा, जल्द दौडऩे लगेंगे वाहन

अक्षरविश्व न्यूज. उज्जैन:देवास से उज्जैन तक 716 करोड़ की लागत से बन रहे फोरलेन पर जल्द ही वाहन दौडऩे लगेंगे। फोरलेन का 85 फीसदी का काम पूरा हो गया। फोरलेन में आने वाले भी ब्रिजों का निर्माण पूरा हो गया है और सिर्फ रेलवे ओवर ब्रिज का काम अधूरा है। इसके तीन महीने पूर्ण होने की संभावना है। इसके बाद फोरलेन आवागमन के लिए शुरू हो जाएगा।

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नेशनल हाइवे द्वारा देवास के शिप्रा से उज्जैन होते हुए व्हाया बदनावर तक 98 किमी लंबा फोरलेन का दो चरणों में निर्माण किया जा रहा है। इसमें पहले चरण में क्षिप्रा से देवास होते हुए उज्जैन तक करीब तक 41.42 किमी लंबा फोरलेन बन रहा है। यह फोरलेन उज्जैन के पहले ग्राम दताना से चंदेसरा बायपास होते हुए इंदौर रोड की तरफ तपोभूमि से चिंतामण होते हुए बडऩगर रोड पर निकलेगा।

वर्ष 2021 में शुरू हुए फोरलेन का 85  फीसदी काम पूरा हो गया है। फोरलेन की 35 किमी की सड़कें तकरीबन तैयार हो गई है और शेष सड़कों का काम अंतिम दौर में चल रहा है। इसके अलावा फोरलेन एक रेलवे ओवर फ्लाईओवर, दो ब्रिज, 6 कलवर्ट बॉक्स बनकर तैयार हो गए। इसमें देवास के पास उज्जैन-इंदौर रेलवे लाइन पर बनने वाले रेलवे ओवर ब्रिज का नेशनल हाइवे की तरफ से निर्माण पूरा हो गया है।

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रेलवे पार्ट का निर्माण बाकी है। नेशनल हाइवे के अधिकारियों की माने तो रेलवे ओवर ब्रिज का निर्माण पूरा होते ही फोरलेन का काम पूर्ण हो जाएगा। बता दें कि नेशनल हाइवे ने हरियाणा के गुडग़ांव की गावर कंपनी को 716 करोड़ में फोरलेन का ठेका दिया था।

देवास-उज्जैन- इंदौर का बना ट्राइएंगल

देवास के शिप्रा से उज्जैन तक बनने वाले फोरलेन के पूर्ण होने से उज्जैन, देवास व इंदौर के बीच एक ट्राइएंगल बन जाएगा। इंदौर का यात्री बगैर उज्जैन आए सीधे देवास के लिए जा सकेंगे और देवास का यात्री उज्जैन शहर में आए बगैर बाहर ही इंदौर रोड जा सकेंगे। तपोभूमि का यहां फोरलेन पर एक जंक्शन बन जाएगा। यहां से यात्री तीनों तरफ जा सकेगा।

बदनावर फोरलेन का काम शुरू

देवास-उज्जैन फोरलेन के साथ ही अब नेशनल हाइवे ने उज्जैन से बदनावर तक बनने वाले फोरलेन का काम भी शुरू कर दिया है। 56 किमी लंबे इस मार्ग के लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी हो गई है। वहीं फोरलेन के लिए जमीन समतलीकरण कार्य भी शुरू हो गया है। यह फोरलेन भी वर्ष 2024 तक पूर्ण करने का लक्ष्य रखा है।

देवास के शिप्रा से उज्जैन तक फोरलेन का 76 फीसदी का काम पूरा हो गया है। सभी छोटे-बड़े पुल-पुलिया बना दिए है। रेलवे ओवर ब्रिज का काम अधूरा है। जुलाई तक फोरलेन बनना है लेकिन मई तक इसे पूर्ण कर देंगे।
एमएल पुरबिया, प्रोजेक्ट ऑफिसर,नेशनल हाइवे।

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