चारों ओर गंदगी का आलम, सिर्फ एक फव्वारा ही चलायमान, यहां भी है कुत्तों का आतंक

विष्णु सागर में मछलियों के मरने का सिलसिला शुरू, टूटी दीवार का मलबा मिल रहा पानी में
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अक्षरविश्व न्यूज:उज्जैन। सप्त सागरों में एक और पर्यटन की दृष्टि से प्रमुख विष्णु सागर के हालात ठीक नहीं हैं। यहां मछलियों के मरने का सिलसिला फिर शुरू हो गया है। नगर निगम की अनदेखी इस सागर पर भारी पड़ रही है। यह कहने को सागर है लेकिन यहां गंदगी आलम है और कुत्तों का आतंक है।
नगर निगम अपनों में ही उलझा हुआ है उसे यहां की धरोहर और विरासत का ख्याल नहीं है। यहां के कई फव्वारे बंद है। शहर की तरह कुत्तों का आतंक है। दीवारें गिर रही है। गंदगी बढ़ती जा रही है। यदि समय रहते सुध नहीं ली गई तो यहां टनों से मछलियां मरेंगी।
फव्वारे बंद पड़े हैं, सिर्फ एक चल रहा है
सुनील व्यास और आनंद जैन ने बताया कि सिंहस्थ में जब सौंदर्यीकरण हुआ तब यहां करीब आधा दर्जन फव्वारे लगाए गए थे। वर्तमान में सिर्फ एक फव्वारा चल रहा है। फव्वारों से ऑक्सीजन लेवल बढ़ता है। इसलिए यह फव्वारे शुरू होना चाहिए।
दो दर्जन कुत्तों का आतंक
संजय व्यास का कहना है कि इस समय पूरा शहर कुत्तों के आतंक से परेशान है। यह सागर भी कुत्तों से अछूता नहीं है। लोगों के बैठने के लिए जो गैलरी बनाई गई है उस पर कुत्तों ने कब्जा कर लिया है। यह कुत्ते भी अब आक्रामक हो चले हैं।
झूले और चकरी टूटे
प्रितेश राज और गिरिराज ने बताया कि बच्चों के मनोरंजन के लिए लगाए गए झूले-चकरी भी नगर निगम की लापरवाही की भेंट चढ़ गए हैं। बच्चे यहां आते हैं और मायूस होकर लौट जाते हैं। नगर निगम को ध्यान देना चाहिए।
एक क्विंटल मछलियां फिकवाई थीं
सुबह की सैर पर आने वाले प्रदीप व्यास ने बताया कि पिछले माह विष्णु सागर में करीब १ क्विंटल मछलियां मर गई थीं। उन्हें फिकवानें के लिए बड़ी जद्दोजहद की गई। अब मछलियों के मरने का सिलसिला फिर शुरू हो गया है।
चारों तरफ गंदगी का आलम
राजेश सोनी ने बताया कि विष्णु सागर का सप्तसागरों में प्रमुख स्थान है। अधिक मास में यहां महिलाएं पूजा करने आती हैं। अब यह पर्यटन का केंद्र बन गया है। इसके बावजूद यहां गंदगी का साम्राज्य है। नगर निगम ध्यान नहीं दे रहा है।
दीवारें गिर रही है, खंभे उखड़े
नीलेश सोनी ने बताया कि सप्तसागर में ही सुबह की सैर के लिए पाथ बनाया गया है। इसके पास की दीवार लगातार गिर रही है। खंभे उखड़ गए हैं। दीवार का मलबा विष्णु सागर में मिलकर उसे और गंदा कर रहा है।
16 करोड़ रुपए से सौंदर्यीकरण होगा : महापौर टटवाल
महापौर मुकेश टटवाल का कहना है कि विष्णु सागर की धार्मिक दृष्टि से महत्ता है। यह पर्यटन का केंद्र भी है। इसके सौंदर्यीकरण के लिए १६ करोड़ का बजट बनाया गया था। टेंडर हो चुका है। बारिश के बाद सागर के बीच में विष्णु प्रतिमा लगाई जाएगी। बाउंड्रीवाल बनाई जाएगी। नए फव्वारे लगाए जाएंगे। बच्चों के मनोरंजन के लिए झूले-चकरी और अन्य संसाधनों की व्यवस्था की जाएगी।









