सूदखोर के जाल में फिर फंसा 20 वर्षीय युवक

सूदखोर के जाल में फिर फंसा 20 वर्षीय युवक, लगातार मिल रही धमकियों के चलते जहर खाकर मौत को लगाया गले
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पीएम रूम के बाहर सिसकती रही मां, बोली- मेरा लाल चला गया…
30 हजार लिए थे, मांग रहे थे 1 लाख 15 हजार रुपए
अक्षरविश्व न्यूज| उज्जैन। सूदखोरों के बढ़ते जाल में उलझने के कारण फिर एक 20 साल के युवक ने जहर खाकर मौत को गले लगा लिया। उसने सूदखोर से 30 हजार रुपए लिए थे लेकिन बदले में 1 लाख 15 हजार रुपए मांगे जा रहे थे। रुपए नहीं लौटाने पर धमकियां दी जा रही थीं, तंग आकर आखिरकर उसने जहर खाकर जान दे दी। बुधवार सुबह पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को सौंप दिया गया। इस दौरान मां सिसकते हुए कहती रही कि मेरा लाल चला गया।
मृतक का नाम बनवारी पिता रमेश मालवीय निवासी ग्राम टाकला, नलखेड़ा के समीप है। उसके बड़े भाई भगवान सिंह मालवीय ने बताया कि बनवारी मजदूरी करता था। उसने 30 हजार रुपए लिए थे लेकिन सूदखोर 1 लाख 15 हजार रुपए मांग रहे थे। रुपए नहीं लौटाने के एवज में उसे जान से मारने की धमकी भी दी जा रही थी।
इसी को लेकर वह तनाव में था। मंगलवार सुबह बनवारी ने जहर खा लिया। परिजन तुरंत उसे नलखेड़ा लेकर पहुंच जहां हालत बिगडऩे पर आगर रैफर किया गया। इसके बाद आगर से चरक हॉस्पिटल उज्जैन लाया गया लेकिन यहां भी स्थिति नहीं सुधरी तो परिजन उसे सिंधी कॉलोनी चौराहा स्थित एक निजी अस्पताल ले गए। जहां उसकी मौत हो गई। भगवान सिंह ने बताया उसने मरने से पहले राहुल सिंह राजपूत नामक सूदखोर के खिलाफ बयान दिया था।
आंखों में आंसू लिए बदहवास सी बैठी रही मां
जिला अस्पताल के पोस्टमार्टम रूम के बाहर परिजन मौजूद थे लेकिन माहौल में सन्नाटा पसरा था। शोर था तो केवल मृतक बनवारी की बुजुर्ग मां सौरम बाई की सिसकियों का। अपने बच्चे के बारे में बातें करते हुए उनकी आंखों से आंसू बह रहे थे, रूंधे गले से वह इतना ही कह सकी कि सूदखोर के कारण मेरा लाल चला गया..।









