Advertisement

मेडिकल वेस्ट मिक्स पाए जाने पर बालाजी हॉस्पिटल पर 50 हजार का जुर्माना लगाया

स्वच्छ सर्वेक्षण की गाइडलाइन का उल्लंघन करने पर नगर निगम की बड़ी कार्रवाई

Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!

Advertisement

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। स्वच्छ सर्वेक्षण की नई टूलकिट के तहत शहर को नंबर-1 बनाने की दिशा में नगर निगम ने सख्त रुख अपना लिया है। गुरुवार को देवास रोड स्थित बालाजी हॉस्पिटल पर बड़ी कार्रवाई करते हुए निगम प्रशासन ने 50 हजार रुपये का जुर्माना ठोका। यह कार्रवाई अस्पताल द्वारा बायो मेडिकल वेस्ट (जैव-चिकित्सा अपशिष्ट) को सामान्य कचरे के साथ मिलाकर पाए जाने पर की गई है। नगर निगम स्वास्थ्य विभाग की टीम गुरुवार को देवास रोड क्षेत्र के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और अस्पतालों के निरीक्षण पर थी।

इस दौरान बालाजी हॉस्पिटल के कचरा प्रबंधन की जांच की गई, जिसमें पाया गया कि अस्पताल प्रबंधन द्वारा अत्यंत हानिकारक बायो मेडिकल वेस्ट को अलग रखने के बजाय सामान्य कचरे में मिक्स कर दिया गया था। पूरी कार्रवाई नगर निगम आयुक्त अभिलाष मिश्रा के कड़े निर्देशों के बाद अमल में लाई गई। अभियान का उद्देश्य शहर के सभी होटलों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और अस्पतालों को कचरा प्रबंधन के प्रति उत्तरदायी बनाना है।

Advertisement

सही तरीके से कचरे के निष्पादन की चेतावनी

निगम अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 की नवीन टूलकिट के अनुसार, सभी संस्थानों को अपने परिसर से निकलने वाले कचरे को सही ढंग से अलग-अलग और निष्पादन करना होगा। यदि भविष्य में भी बायो मेडिकल वेस्ट या अन्य कचरे के प्रबंधन में लापरवाही पाई जाती है, तो जुर्माने की राशि बढ़ाई जा सकती है और लाइसेंस निरस्तीकरण जैसी कार्रवाई भी संभव है।

Advertisement

क्या है बायो मेडिकल
वेस्ट के लिए नियम

नियमों के अनुसार, अस्पतालों से निकलने वाले संक्रमित और धारदार कचरे (जैसे सिरिंज, पट्टियां आदि) का निष्पादन अलग से होना अनिवार्य है। कचरे के इस तरह के मिश्रण से स्वच्छता कर्मियों और आम जनता के स्वास्थ्य पर गंभीर संकट उत्पन्न हो सकता है।

Related Articles

Write a review