CM ने रात्रि विश्राम अपने निवास पर ही किया

संपूर्ण क्षेत्र रातभर कड़ी सुरक्षा के घेरे में रहा, रविवार सुबह कई लोग सीएम से मिलने पहुंचे
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!
अक्षरविश्व न्यूज. उज्जैन:प्रदेश के सीएम डॉ. मोहन यादव ने रात्रि विश्राम पुराने शहर में गीता कॉलोनी स्थित निवास पर किया। स्वागत रैली संपन्न होने के बाद डॉ. यादव सीधे घर पहुंचे और पिता के चरणस्पर्श कर आशीर्वाद भी लिया। इसके बाद कुछ समय परिजनों के साथ बिताया और विश्राम के लिए चले गए। रविवार सुबह निवास स्थान पर पहुंचे नागरिकों से मेल मुलाकात की। इसके बाद सरदारपुरा स्थित संघ कार्यालय भी गए।
सीएम डॉ. यादव ने स्वागत रैली के बाद शनिवार रात 12 बजे गोपाल मंदिर पर हुई सभा में सीएम ने बिंदास अंदाज में गोपाल मंदिर का इतिहास बताया और कहा न जाने कैसे यह बात चल गई कि कोई राजा यहां रात नहीं रुकता। अरे, राजा तो महाकाल हैं, हम सब तो उनके बेटे हैं। क्यों नहीं रुक सकते यहां।
वे तो जन्म देने वाले हैं, आशीर्वाद देने वाले हैं। नगर निगम सीमा में ही नहीं, पूरा ब्रह्मांड उनका है। राजा महाकाल से भी बड़ी कोई ताकत है क्या। किस बात का डर। यह कहकर उन्होंने घोषणा कर दी कि रात घर पर ही रुकेंगे। सीएम डॉ. यादव ने कई लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्या और मांगों के संबंध में संक्षिप्त चर्चा की है।
गोपाल मंदिर का इतिहास बताया…
सीएम डॉ. यादव ने सभा में गोपाल मंदिर का पुराना इतिहास भी बताया। कहा 1812 में सिंधिया रियासत के समय उज्जैन राजधानी थी, लेकिन राजनीतिक रणनीति के तहत इसे ग्वालियर ले जाया गया। तब किसी ने मंत्र फूंककर यह डर फैला दिया था कि राजा यहां रात नहीं रुक सकता ताकि कोई और यहां राज न कर सके। उन्होंने कहा गोपाल मंदिर का इतिहास सबको याद होना चाहिए। मोहम्मद गजनवी सोमनाथ मंदिर से लूट पाट कर गया था। मंदिर के रजत दरवाजे भी ले गया था। महादजी अफगानिस्तान गए और अपनी तलवार के बल पर ये दरवाजे और गोपाल जी की दाढ़ी में लगा हीरा लाए थे। ये दरवाजे अब गोपाल मंदिर में लगे हैं। यह हम सबका स्वाभिमान है।
सीएम ने की कई लोगों से मुलाकात
सीएम डॉ. यादव ने रविवार सुबह कई लोगों से मुलाकात की। इसी दौरान छोटा सराफा स्थित हैंडलूम की दुकान के संचालक भी सीएम मिलने पहुंचे थे। शनिवार रात उनकी दुकान में अज्ञात कारणों की वजह से आग लग गई थी। जिसमें उनका काफी माल जल गया था। दुकान संचालक रवि प्रकाश सुबह मुख्यमंत्री के निवास गीता कालोनी पहुंचे। यहां उन्हें दुकान में आग लगने की घटना सुनाई और रो पड़े। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उन्हें सीने से लगाकर ढांढस बंधाया और कलेक्टर कुमार पुरुषोत्तम को सहायता के निर्देश दिये। पुलिस के अनुसार छोटा सराफा में बंसल हैंडलूम की तीसरी मंजिल पर अज्ञात कारणों से आग लगी थी जिसे फायर ब्रिगेड की दमकलों ने करीब 30 मिनिट की मशक्कत के बाद बुझाया।
संघ कार्यालय में प्रांत प्रचारक से भेंट
मुख्यमंत्री डॉ. यादव अपने निवास गीता कालोनी से सीधे सरदारपुरा स्थित संघ कार्यालय आराधना पहुंचे। यहां उन्होंने आरएसएस प्रांत प्रचारक राजमोहन जी से भेंट की। करीब 30 मिनिट से अधिक चर्चा की। इस दौरान संघ कार्यालय के बाहर अनेक भाजपा नेता व कार्यकर्ता एकत्रित हो गये लेकिन समयाभाव के कारण डॉ. यादव कार्यालय से निकलकर सीधे कार में बैठे और लोगों का अभिवादन करते हुए सरदारपुरा से कोठी के लिये रवाना हो गये।









