देशभर में कृष्ण जन्माष्टमी की धूम, रंग-बिरंगी लाइटों से सजे कान्हा के मंदिर

देशभर में कृष्ण जन्माष्टमी आज धूमधाम से मनाई जा रही है. देश के विभिन्न मंदिरों में खास तैयारियां की गई हैं और सुबह से ही श्रद्धालुजन मंदिर में कान्हा के दर्शन करने के लिए आ रहे हैं.

भगवान कृष्ण के जन्मस्थली मथुरा और वृंदावन में जन्माष्टमी के भव्य तैयारियां की गई हैं और भक्तों के लिए खास व्यवस्था की गई है. भगवान महाकाल की नगरी में श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर्व पर शहर के प्रमुख मंदिरों में महाकाल मंदिर, गोपाल मंदिर, सांदीपनि आश्रम और इस्कॉन मंदिर में भगवान श्री कृष्ण का जन्मोत्सव पर भक्तों की भीड़ अभी से जुटना शुरू हो गई है।
भादौ मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि इस बार सूर्योदय के समय 5:15 बजे से मध्यरात्रि 2:20 बजे तक रहेगी। वहीं दोपहर से ही भगवान के जन्म समय का रोहिणी नक्षत्र भी रहेगा। यही कारण है कि अष्टमी तिथि और रोहिणी संयोग होने से दोनों परंपरा को मानने वाले एक ही दिन भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव मना रहे है।
भगवान श्री कृष्ण के श्री द्वारकाधीश गोपाल मंदिर में जन्माष्टमी पर भगवान श्रीद्वारकाधीश केसरिया रंग के वस्त्र धारण करेंगे। मंदिर के मुख्य पुजारी मधुर शर्मा ने बताया कि भगवान के शृंगार का निर्माण करने वाले दर्शन कुमरवात की टीम ने भगवान के सभी शृंगार की सामग्री को विभिन्न स्थानों से मंगवाई है। इनमें भगवान का मुकुट और जेवर राजकोट से लाए गए है। वहीं माता रुक्मिणी की साड़ी बनारस से मंगवाई गई है। इसी तरह भगवान के शंख, चक्र, गदा, पद्म का निर्माण नाथद्वार से लाई सामग्री से हो रहा है।
गोपाल मंदिर में संध्या आरती के पश्चात भगवान गोपाल जी का महाभिषेक किया जाएगा। रात्रि करीब 10 बजे मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव मंदिर पहुंचकर भगवान का पूजन करेंगे । वही 12 बजे जन्म आरती होगी। आरती के बाद ही रात्रि दो बजे तक भक्तों को दर्शन होगें।









