11 माह से इकलौते बेटे की मौत के मामले में न्याय की उम्मीद लेकर जीआरपी के चक्कर काट रहे माता-पिता

बोले…पीएम रिपोर्ट में हार्ट अटैक बताया, लेकिन फुटेज की कहानी कुछ ओर
अक्षरविश्व न्यूज. उज्जैन:शुक्रवार सुबह जीआरपी थाने में राजस्थान से आए वृद्ध दंपत्ति अपने बेटे की मौत के सबूत दिखाकर पुलिसकर्मियों से न्याय की गुहार लगा रहे थे। वृद्ध माता-पिता की आंखों में आंसू थे और चेहरे पर चिंता के लकीरें। उन्होंने अक्षरविश्व से चर्चा में आपबीती सुनाई और बोले इकलौते बेटे की मौत को 11 माह बीत चुके। पुलिस अफसरों को कुछ सबूत भी दिखाये लेकिन आज तक सुनवाई न हो सकी।
यह था मामला:अरूण कुमार पिता विजयसिंह निवासी गंडोरा अलवर राजस्थान 30 अप्रैल 2023 को नांदेड़ गांव में दोस्त के यहां कार्यक्रम में शामिल होने का कहकर घर से निकला था। उज्जैन स्टेशन पर पुलिस ने ट्रेन के कोच से उसकी लाश बरामद की। शव को पीएम के लिए जिला अस्पताल पहुंचाया। आधार से उसकी पहचान कर परिजनों को सूचना दी। कुछ दिनों बाद पीएम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि अरूण की मृत्यु हार्टअटैक से हुई थी। इस कारण तत्कालीन पुलिस अफसरों ने आगे की जांच में रूचि नहीं दिखाई|
टीआई बोले… पूरी मदद करेंगे
जीआरपी टीआई मोतीराम चौधरी ने चर्चा में बताया कि उक्त मामला मेरे संज्ञान में पहले से है। अरूण के माता पिता से मुलाकात नहीं हुई है। उक्त लोग थाने अए हैं तो उनसे पूरा मामला समझेंगे और उनके द्वारा दिए गए साक्ष्य की जांच भी करेंगे। वृद्ध दंपत्ति को जिन पर शंका है उनसे पूछताछ की जाएगी। उनकी पूरी मदद करेंगे।
यह है युवक के पिता की आपबीती कहानी
अरूण हमारा इकलौता बेटा था। उसकी शादी लक्ष्मी नामक युवती से 2013 में हुई थी। बेटे-बहू के बीच अनबन और विवाद होते इस कारण आपसी रजामंदी से नौटरी कर दोनों अलग रहने लगे थे। अरूण 30 अप्रैल को जब घर से निकला पूरी तरह स्वस्थ था। भरतपुर स्टेशन से दिल्ली इंदौर एक्सप्रेस में रात 9.30 बजे बैठा। रात 12 बजे तक उसने बातचीत की। उसके बाद मोबाइल स्वीच ऑफ हो गया। अगले दिन पुलिस से सूचना मिली कि अरूण की मृत्यु हो चुकी है।
पीएम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि अरूण की मृत्यु हार्टअटैक से हुई जिस पर हमें भरोसा नहीं हुआ। पुलिस अफसरों के सामने उसी दिन से हत्या की आशंका जताते हुए जांच की गुहार लगा रहे थे। भरतपुर स्टेशन से लेकर उज्जैन स्टेशन तक सभी जगह के सीसीटीवी फुटेज चेक किए जिसमें अरूण से तलाक ले चुकी उसकी पत्नी लक्ष्मी तीन युवकों के साथ दिख रही है। फोटो और फुटेज पुलिस अफसरों को भी सौंपे क्योंकि तलाक के बाद लक्ष्मी का अरूण से कोई संपर्क नहीं था तो वह भरतपुर के तीन युवकों के साथ कैसे और क्यों पहुंची थी। उक्त लोग भी उसी ट्रेन में सवार हुए जिसमें अरूण यात्रा कर रहा था। हमने कई बार पुलिस अफसरों से गुहार लगाई कि उक्त लोगों से पूछताछ की जाए लेकिन आज तक पुलिस ने किसी को न पकड़ा न पूछताछ की।-जैसा कि अरूण के पिता विजय सिंह ने बताया









