Advertisement

उज्जैन:नव संवत्सर और चैत्र नवरात्रि प्रारंभ, मंदिरों में प्रवेश नहीं

मंदिरों में श्रद्धालुओं ने बाहर से किया पूजन, रामघाट पर नहीं हुआ कार्यक्रम

Advertisement

उज्जैन। चैत्र शुक्ल प्रतिपदा से हिंदू नववर्ष प्रारंभ होता है। आज ही से चैत्र नवरात्रि भी शुरू हुई। अनेक परिवारों में गुड़ी पड़वा और चेटीचांद पर्व भी मनाया जा रहा है। कोरोना संक्रमण की वजह से शहर में कहीं भी धार्मिक आयोजन नहीं हुए। माता मंदिरों में ताले लगे हैं। लोगों ने घरों पर रहकर पर्व मनाया और पूजन पाठ किया। प्रतिवर्ष नव संवत्सर पर रामघाट पर सूर्य को अघ्र्य देकर धार्मिक कार्यक्रम होते थे, लेकिन कोरोना संक्रमण की वजह से कार्यक्रम रद्द कर दिया गया।

पं. आनंद शंकर व्यास ने घर पर ही सूर्यदेव को अघ्र्य देकर पूजन पाठ किया। महाराष्ट्रीयन परिवारों द्वारा गुड़ी पड़वा पर्व मनाया जा रहा है। नई साड़ी की गुड़ी बनाकर घरों की छतों पर लगाई गई साथ ही विभिन्न व्यंजन बनाकर भगवान का पूजन किया गया। चैत्र नवरात्रि प्रारंभ होने के साथ ही घरों में कलश स्थापना के साथ दुर्गा उत्सव की शुरूआत भी हुई, लेकिन शहर के प्रमुख माता मंदिर हरसिद्धि, चौबीस खंबा, गढ़कालिका, भूखी माता आदि पर कोरोना संक्रमण की वजह से ताले लगे हैं। आमजनों को दर्शनों की अनुमति नहीं है। मंदिरों में पुजारियों द्वारा पूजन आरती आदि किये जा रहे हैं। लोगों ने घरों पर रहकर नवरात्रि पर्व मनाया।

Advertisement

Related Articles

📢 पूरी खबर पढ़ने के लिए

बेहतर अनुभव के लिए ऐप का उपयोग करें

ऐप में पढ़ें
ऐप खोलें
ब्राउज़र में जारी रखें