पिलर लगभग तैयार फिर डालेंगे स्लैब

९१ करोड़ से बन रहा फ्रीगंज का नया ब्रिज, युद्धस्तर पर चल रहा काम

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। पुराने शहर को फ्रीगंज से जोडऩे वाले पुराने ब्रिज के समानांतर 91.76 करोड़ रुपए की लागत से बनाए जा रहे नए पुल का काम युद्धस्तर पर किया जा रहा है। करीब 7 पिलकर बनकर तैयार हो गए हैं और दो का काम चल रहा है। जल्द ही यह बनकर तैयार हो जाएंगे जिसके बाद स्लैब डालने की तैयारी की जाएगी। नया ब्रिज 21.40 मीटर चौड़ा होगा जिसमें ट्रैफिक को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी। यह ब्रिज सिंहस्थ 2028 से पहले बनकर तैयार हो जाएगा जिसके बाद आवागमन काफी आसान हो जाएगा।
दरअसल, फ्रीगंज ओवरब्रिज का मौजूदा पुल स्वतंत्रता से पहले का बताया जाता है। जिसे नैरोगेज ट्रेनों के संचालन के लिए बनाया गया था। इसे 1980 और 1992में चौड़ा किया गया लेकिन बढ़ती ट्रैफिक समस्याओं के चलते वर्ष 2004 में एक ओर का फुटपाथ हटाना पड़ा। नए ब्रिज के बनने के बाद भी मौजूदा पुल अपनी जगह पर बना रहेगा। इस बनाने में 45 साल पुराने रेलवे फुट ओवरब्रिज बाधक बन रहा था जिसे भी सुरक्षित तरीके से हटाया गया था। आपको बता दें कि ब्रिज के लिए जिस कंपनी को सबसे पहले टेंडर जारी कर निर्माण का ठेका दिया था, उसने काम नहीं किया। प्रोजेक्ट में देरी ना हो, इसके लिए दूसरी बार टेंडर जारी कर ठेका देकर निर्माण कार्य शुरू करवाया गया जो अब युद्धस्तर पर चल रहा है।
ऐसा होगा हमारा नया ब्रिज
आगामी सिंहस्थ के मद्देनजर नए और पुराने शहर में बेहतर कनेक्टिविटी के लिए बनाए जा रहे इस नए पुल की चौड़ाई 21.40 मीटर होगी। यातायात के लिए दोनों ओर 9-9 फीट का रोड बनाया जाएगा। डेढ़-डेढ़ फीट के फुटपाथ और बीच में 0.40 मीटर का डिवाइडर होगा। ब्रिज पर सेंटर लाइटिंग का प्रावधान भी किया गया है।
सीएम ने किया था भूमिपूजन – 12 दिसंबर 2024 को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस ब्रिज का भूमिपूजन किया था। ब्रिज के बनने के बाद फ्रीगंज व पुराने शहर के बीच में नई कनेक्टिविटी हो सकेगी। पुराने ब्रिज पर ट्रैफिक का लोड कम होगा और वाहन चालकों को अक्सर लगने वाले जाम से भी मुक्ति मिलेगी। नया ब्रिज चामुंडा माता मंदिर की ओर स्थित नगर वन के गेट से शुरू होगा। इसकी एक ब्रांच मक्सी रोड की ओर होगी, वहीं दूसरी ब्रांच सीधे टॉवर चौराहे तक बनेगी।









