इंजीनियर्स ने 10 साल बाद परफारमेंस गारंटी राशि लौटाने का प्रस्ताव भेजा, नोटिस की तैयारी

पंचक्रोशी मार्ग सडक़ निर्माण में लापरवाह ठेकेदार की मदद

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। पंचक्रोशी मार्ग सडक़ निर्माण में शर्तों का उल्लंघन करने वाले ठेकेदार को लाभ पहुंचाने लिए लोक निर्माण विभाग के इंजीनियरों द्वारा षड्यंत्र रचने का मामला सामने आया है।
इसमें इंजीनियर्स ने 10 साल बाद परफारमेंस गारंटी राशि लौटाने प्रस्ताव भेजा दिया है। मसला सामने आने के बाद अब लोनिवि अधिकारियों को नोटिस देने की तैयारी की जा रहा है। पंचक्रोशी मार्ग पर 2009 में 92.20 किलोमीटर सडक़ निर्माण किया गया था। सडक़ बनाने का ठेका राजू कंस्ट्रक्शन कंपनी एंड शेल्टर्स प्राइवेट लिमिटेड को मिला था। 31 जनवरी 2012 को यह पूरा किया गया। परफारमेंस गारंटी तीन वर्ष की थी, लेकिन इसके पहले ही मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया। अनुबंध की शर्त के अनुसार ठेकेदार को ही मरम्मत करनी थी, मगर उसने नहीं किया। सरकार को दूसरी एजेंसी लगाकर काम कराना पड़ा। ठेकेदार ने परफारमेंस गारंटी के नाम पर चार करोड़ 94 लाख रुपये जमा किए थे।
राशि लौटने का प्रस्ताव भेजा था..
10 वर्ष बाद यह राशि ठेकेदार को लौटाने का प्रस्ताव चला, जो प्रमुख अभियंता कार्यालय से सहमति के साथ होता हुआ शासन तक पहुंच गया। उज्जैन परिक्षेत्र के तात्कालीन मुख्य अभियंता एमपी सिंह ने मार्च 2022 और प्रमुख अभियंता ने अप्रैल 2022 में सहमति के साथ ठेकेदार को राशि वापस करने का प्रस्ताव शासन को भेज दिया, जबकि, उन्हें कार्यपालन यंत्री को राशि को समायोजित करने के लिए प्रस्ताव भेजने के लिए लिखना था। इस प्रकार षड्यंत्र करते हुए ठेकेदार को राशि वापस दिलाने की 10 वर्ष बाद पहल की गई। बीते दिनों भोपाल में लोक निर्माण विभाग के कार्य और गतिविधियों की समीक्षा के दौरान प्रस्ताव सामने आने पर लोनिवि मंत्री राकेश सिंह ने मामले की गंभीरता को देखते हुए लोक निर्माण विभाग ने सभी छह इंजीनियर, तत्कालीन मुख्य अभियंता और प्रमुख अभियंता को नोटिस जारी करने के प्रस्ताव पर जताई है।









