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उज्जैन सहित सात शहरों में इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनजमेंट सिस्टम लागू करने की तैयारीे

गाड़ी का इंश्योरेंस नहीं है तो आईटीएमएस से बनेगा चालान,

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5 हजार रुपये तक भरना पड़ सकता है फाइन

अक्षरविश्व न्यूज. उज्जैन:मध्य प्रदेश में उज्जैन सहितसात शहरों में इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनजमेंट सिस्टम लागू होने जा रहा है। इसके जरिए यातायात पुलिस ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों के साथ अब उन वाहनों का चालान भी बनाएगी, जिनका बीमा खत्म हो गया है। शहरों में लगे स्मार्ट कैमरों के जरिए वाहनों पर निगाह रखी जाएगी।इंश्योरेंस नहीं होने पर दो पहिया पर एक हजार रुपये चालान होगा। वहीं कार-जीप आदि से तीन हजार रुपये का जुर्माना वसूला जाएगा। बड़े वाहनों पर यातायात पुलिस 5 हजार रुपये का जुर्माना लगाएगी।

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नियम-कानून को ठेंगा दिखाकर वाहन चलाने वालों के लिए पुलिस मुख्यालय और परिवहन विभाग मिलकर कड़ी व्यवस्था करने जा रहे हैं। अब अगर वाहन का बीमा नहीं है तो भी इंटेलिजेंट ट्रैफिक मैनजमेंट सिस्टम (आईटीएमएस) से चालान कट जाएगा। मध्य प्रदेश के सात शहरों में आईटीएमएस है जहां यह व्यवस्था लागू की जाएगी। इनमें इंदौर, भोपाल, जबलपुर, उज्जैन, ग्वालियर, सागर और सतना शामिल हैं। इंदौर को छोड़कर शेष छह शहरों में स्मार्ट सिटी की ओर से कैमरे लगाए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि एक-दो माह में यह व्यवस्था शुरू हो जाएगी।

पोर्टल में जांचा जाएगा

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इसमें आइटीएमएस के माध्यम से वाहनों का नंबर लेकर इसे एम-परिवहन पोर्टल में जांचा जाएगा कि वाहन का बीमा है या नहीं। इसी आधार पर आइटीएमएस से चालान जारी हो जाएगा। बता दें कि इंश्योरेंस नहीं होने पर दो पहिया वाहनों पर एक हजार, कार-जीप आदि पर तीन हजार और बड़े वाहनों पर पांच हजार रुपये अर्थदंड का प्रविधान है।

अभी तक इंश्योरेंस की जांच सामान्य तौर पर

पुलिस सड़क पर वाहनों की जांच के दौरान अधिकतर उन्हीं वाहन मालिकों पर अर्थदंड लगाती है जो हेलमेट या सीट बेल्ट नहीं लगाते। इसके बाद कभी-कभी तीन सवारी के चलते कार्रवाई की जाती है। इंश्योरेंस की जांच सामान्य तौर पर वाहनों की तभी की जाती है जब वह दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं। इस व्यवस्था से चोरी के वाहनों को पकडऩा भी आसान हो जाएगा, क्योंकि कागजात पूरा नहीं होने के कारण ऐेसे वाहनों का बीमा नहीं होता। इसके अतिरिक्त पंजीयन खत्म होने के बाद भी चल रहे वाहनों को पकड़ा जा सकेगा।

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