40 बस्तियों में हिंदू सम्मेलन, जुटे हजारों सनातनी

सांस्कृतिक चेतना और सामाजिक समरसता के साथ हिंदुओं को एकजुट करने के लिए आरएसएस का शताब्दी वर्ष में बड़ा अभियान

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। संडे को शहर केसरियामय रहा। शहर में आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ) की पहल पर हिंदू आयोजन समितियों ने 40 जगह हिंदू सम्मेलन आयोजित किए। इसमें करीब-करीब पूरा शहर सहभागी बना। सुबह से ही मोहल्ले और बस्ती सनातनी सम्मेलन की तैयारियों में जुटे नजर आए। ठंड के मौसम में सुबह करीब 11 बजे हिंदू सम्मेलन प्रारंभ हुए। इस दौरान शहर के हर हिस्से में केसरिया ध्वज लहराते नजर आए।हिंदू समाज की एकजुटता और सांस्कृतिक जागरण के उद्देश्य से आरएसएस के शताब्दी वर्ष के मौके पर यह हिंदू सम्मेलन आयोजित किए। इनका उद्देश्य हिंदू समाज को संगठित करना, सांस्कृतिक चेतना जगाना और सामाजिक समरसता की भावना को सुदृढ़ करना प्रमुख था।
सम्मेलनों में केवल बौद्धिक (भाषण) नहीं, बल्कि उत्सव का माहौल देखा गया। कार्यक्रमों में बच्चों, युवाओं और मातृशक्ति के लिए विशेष प्रतियोगिताएं रखी गई थीं। शुभारंभ क्षेत्रीय भजन मंडलियों के भजन, हनुमान चालीसा और सुंदरकांड के साथ हुआ। जिसमें क्षेत्र के सभी सनातनी सहभागी बने। इसके अलावा लोगों को कार्यक्रम से जोडऩे के लिए सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता, बौद्धिक मंथन हुआ। विजेताओं को पुरस्कार दिए गए। समापन सहभोज के साथ हुआ। जहां एक ही जाजम पर बैठकर सभी ने साथ भोजन किया और समाज में ऊंच-नीच के भेदभाव को मिटाकर समरसता का संदेश दिया।
यहां हुए हिंदू सम्मेलन
केशव नगर- यहां सर्वाधिक 11 बस्तियों में सम्मेलन हुए। क्षिप्रा, वीर दुर्गादास, गोपाल मंदिर, रामानुजकोट, हरसिद्धि और चारधाम बस्ती में सुबह 10 बजे, राजाभाऊ महाकाल बस्ती में 10.30 बजे तथा जयसिंहपुरा, अहिल्या, रानी लक्ष्मीबाई और डाबरीपीठा में प्रात: 11 बजे सम्मेलन प्रारंभ हुए।
विक्रमादित्य नगर- सांदीपनि, हीरामिल, तिलक, क्षीरसागर क्षेत्र, मातागुजरी बस्ती।
मधुकर नगर – मधुकर नगर की इंदिरा नगर, रवींद्रनाथ, मारुति और महावीर बस्ती।
सुदर्शन नगर- रामरामेश्वर बस्ती।
माधव नगर- लक्ष्मीनगर, सेठीनगर, वाघेश्वरी और शंकरपुर बस्ती।
राजेंद्र नगर- यहाँ नौ बस्तियों में सम्मेलन हुए। पुष्कर नगर, शास्त्री नगर, संत बालीनाथ, अलखधाम, संत नगर, ऋषि नगर, वेद नगर और विद्यापति बस्तियों और नानाखेड़ा बस्ती में हिंदू सम्मेलन हुआ।
कालिदास नगर- महामृत्युंजय, महालक्ष्मी व अभिलाषा और महाकाल बस्ती में सुबह हिंदू सम्मेलन हुए। नागझिरी क्षेत्र में शाम 4 बजे सम्मेलन होगा।









