दिखावे के चक्कर में ‘ठहाका’ के आयोजक बने ‘हंसी’ के पात्र

विरोध के बाद निरस्त करना पड़ा तीज महोत्सव…
उज्जैन।शहर के कुछ लोगों को दिखावे का चस्का है लगा हुआ है। इसके लिए वे आगे-पीछे, उचित-अनुचित पर विचार करने बगैर अलग करने का जतन करते है। इसका उन्हें खामियाजा भी भुगतना पड़ता है,फिर भी सबक नहीं लेते है।

सनातन धर्म-संस्कृति को बढ़ावा देने के चक्कर में धार्मिक आयोजन के सड़क पर करने के निर्णय का जमकर विरोध हुआ। हिन्दू संगठनों का कहना था कि ऐसे फूहड़ कार्यक्रमों का संगठन विरोध करते है।
तथाकथित आयोजक व्यक्तिगत लोकप्रियता के चलते मंदिरों में मनाया जाने वाले हिन्दू पर्व हरतालिका तीज के आयोजन को खुले में कर पर्व की पवित्रता को भंग न करें। तमाम धार्मिक संगठन भी विरोध में आए तो कार्यक्रम को निरस्त करना पड़ा। संगठनों ने आयोजन के विरोध में माधव नगर थाने के बाहर प्रदर्शन करते हुए कार्यक्रम की अनुमति निरस्त करने के लिए ज्ञापन भी दिए।
किकू शारदा ने कहा था केस करेंगे
बता दें कि इस वर्ष जनवरी के ठहाका सम्मेलन में यादव ने प्रचारित किया था कि कार्यक्रम में कलाकार किकू शारदा (बच्चा यादव) मुख्य आकर्षण होगे। यह बात सार्वजनिक होने पर टीवी धारावाहिक द कपिल शर्मा शो के कलाकार किकू शारदा (बच्चा यादव) ने एक वीडियो जारी किया है।
उसमें कहा था कि उज्जैन में 11 जनवरी को होने वाले अंतरराष्ट्रीय ठहाका सम्मेलन का मैं हिस्सा नहीं है। आयोजक ने जो पोस्टर जारी किया है उसमें इस्तेमाल किया उनका नाम, फोटो बगैर इजाजत लगाया है। इसके लिए वे कोर्ट में केस फाइल करेंगे। हो सकता है आयोजक को हर्जाना भी चुकाना पड़े। बेहतर होगा आयोजक पोस्टर से मेरा नाम, फोटो हटाए।
बीच चौराहे पर कथा का आयोजन
हरतालिका तीज पर्व का अपना महत्व,पवित्रता और नियम है। जो लोग इसे जानते है,उन्हें पता है कि इसका पूजन-कथा सार्वजनिक खुले स्थानों पर नहीं हो सकता है। इस बात से अनजान सामाजिक संस्था ठहाका सम्मेलन परिवार के मंगलवार हरतालिका तीज महोत्सव का आयोजन रख लिया। शहरभर में अवैध तौर पर होर्डिंग्स लगाकर प्रचारित किया टॉवर चौक पर भजन संध्या में महिला के साथ भजन मंडलियां प्रस्तुति देंगी। महामंडलेश्वर शैलेषानंद गिरि जी महाराज द्वारा हरतालिका तीज की कथा की जाएगी।
सोशल मीडिया पर भी आपत्ति
टॉवर पर होने वाले हरतालिका तीज महोत्सव का सोशल मीडिया पर भी खुब विरोध हुआ। कई लोगों ने आयोजन के औचित्य पर सवाल उठाते हुए आयोजन को न केवल आड़े हाथों लिया बल्कि कार्यक्रम का बॉयकोट करने की पोस्ट भी वायरल की।
प्रचार सामग्री को शेयर करते हुए इस पर क्रॉस के निशान भी लगाए। सनातन धर्म में विश्वास रखने वाले अधिकांश लोगों ने बीच चौराहे पर धार्मिक आयोजन को लेकर आयोजक की खिंचाई भी की।









