लेडी मुन्नाभाई पकड़ाई, 3 हजार रुपए में आई थी एग्जाम देने

उज्जैन। सम्राट विक्रमादित्य विश्वविद्यालय में सोमवार को बीकॉम ऑनर्स छठे सेमेस्टर की परीक्षा के दौरान लेडी मुन्नाभाई पकड़ाई। वह सुबह 8 से 11 बजे के बीच वाग्देवी भवन के कक्ष क्र. ए-1 में वास्तविक परीक्षार्थी सपना भदौरिया के स्थान पर फर्जी तरीके से एग्जाम दे रही थी। चैक करने पर फर्जीवाड़ा उजागर हुआ। सूचना मिलते ही कुलगुरु डॉ. अर्पण भारद्वाज और परीक्षा नियंत्रक डॉ. एसके त्रिवेदी भी पहुंच गए।

पूछताछ में फर्जी परीक्षार्थी ने पहले नाम प्रिशा साहू बताया लेकिन बाद में अपना नाम विशाखा पिता जयप्रकाश माहेश्वरी (23) निवासी यादवनगर, इंदौर बताया। इसके बाद केंद्राध्यक्ष डॉ. शैलेंद्र कुमार भारल ने माधवनगर थाने में विशाखा माहेश्वरी, सपना भदौरिया और ऋषभ नामक युवक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करवाई। पुलिस ने केस दर्ज करते हुए फर्जी परीक्षार्थी विशाखा माहेश्वरी को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में प्रोक्टोरियल बोर्ड को भी जांच के आदेश दिए हैं।
3 हजार रुपए में परीक्षा देने आई फर्जी छात्रा विशाखा माहेश्वरी रुपयों के एवज में परीक्षा देने आई थी। उसे इसके लिए ३ हजार रुपए मिले थे। वह शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज की बीटेक की छात्रा है। वास्तविक परीक्षार्थी सपना भदौरिया और ऋषभ की भी तलाश जारी है।
गजेंद्र पचौरिया, टीआई, थाना माधवनगर
ऐसे पकड़ाया फर्जीवाड़ा
एनएसयूआई के विवि अध्यक्ष तरुण परिहार को पहले ही भनक लग गई थी कि किसी छात्रा की जगह फर्जी छात्रा परीक्षा दे रहे है। उन्होंने तुरंत विवि प्रबंधन को इसकी जानकारी दी जिसके बाद टीम ने जांच की और फर्जीवाड़ा सामने आ गया।









