ग्यारस के दिन क्या करें और क्या न करें? जानिए जरूरी नियम

शास्त्रों में एकादशी तिथि को बहुत पवित्र बताया गया है। इस तिथि के पुण्य फल से जीवन में कभी किसी चीज की कमी नहीं होती है और भगवान का आशीर्वाद बना रहता है। शास्त्रों में एकादशी का महत्व बताते हुए कुछ नियम भी बताए हैं। इन नियमों के अनुसार एकादशी तिथि को भूलकर भी इन कार्यों को करने से बचना चाहिए.
1.एकादशी के दिन अन्न दान करें, किंतु खुद किसी दूसरे का दिया हुआ अन्न कभी ग्रहण न करें।
2.किसी कारण निराहार रहकर व्रत करना संभव न हो तो एक बार भोजन करें।
3.इस दिन दूध या जल का सेवन कर सकते है।
4.एकादशी व्रत में शकरकंद, कुट्टू, आलू, साबूदाना, नारियल, काली मिर्च, सेंधा नमक, दूध, बादाम, अदरक, चीनी आदि खाने में शामिल कर सकते हैं।
5.एकादशी का उपवास रखने वालों को दशमी के दिन मांस, लहसुन, प्याज, मसूर की दाल आदि नहीं खाना चाहिए।
6.एकादशी के दिन प्रात: लकड़ी का दातुन न करें।
7.इस दिन वृक्ष से पत्ता तोड़ना वर्जित है। अत: स्वयं गिरा हुआ पत्ता लेकर सेवन करें। नींबू, जामुन या आम के पत्ते लेकर चबा लें और अंगुली से कंठ साफ कर लें। यदि यह संभव न हो तो पानी से बारह बार कुल्ले कर लें।
8.एकादशी (ग्यारस) के दिन उपवास रखने वाले व्यक्ति को गाजर, शलजम, गोभी, पालक, इत्यादि नहीं खाना चाहिए।
9.एकादशी पर श्री विष्णु की पूजा में मीठा पान चढ़ाया जाता है, लेकिन इस दिन पान खाना भी मना है।
10.प्रत्येक वस्तु प्रभु को भोग लगाकर तथा तुलसी दल छोड़कर ग्रहण करना चाहिए।









