सेंसेक्स 879 अंक चढ़ा, निफ्टी में भी जोरदार तेजी; IT और FMCG शेयरों में खरीदारी

हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार, 9 अक्टूबर को भारतीय शेयर बाजार में अच्छी तेजी देखने को मिली। सेंसेक्स 879 अंक यानी 1.23% चढ़कर 72,472 पर बंद हुआ। वहीं, निफ्टी 289 अंक की बढ़त के साथ 22,520 के स्तर पर पहुंच गया। बाजार में IT और FMCG कंपनियों के शेयरों में सबसे ज्यादा खरीदारी देखने को मिली। इस तेजी के पीछे अंतरराष्ट्रीय तनाव कम होने की उम्मीद, कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट और रुपये में मजबूती जैसे कारण रहे। हालांकि, विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली बाजार के लिए चिंता बनी हुई है।
बाजार में तेजी की 3 बड़ी वजहें
1. ईरान को लेकर ट्रम्प के बयान से राहत
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि 3 नवंबर को होने वाले मिडटर्म चुनाव से पहले अमेरिका ईरान पर हमला नहीं करेगा। दोनों देशों के बीच बातचीत आगे बढ़ने की खबरों से मध्य पूर्व में तनाव कम होने की उम्मीद बनी। इससे निवेशकों का भरोसा बढ़ा।
2. कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट
अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमत 103 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गई, जबकि WTI क्रूड करीब 90 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर रहा। भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा कच्चे तेल के आयात से पूरा करता है, इसलिए कीमतों में गिरावट से देश की अर्थव्यवस्था और बाजार को राहत मिलने की उम्मीद रहती है।
3. रुपये में 23 पैसे की मजबूती
कारोबार के शुरुआती दौर में रुपया 23 पैसे मजबूत होकर 96.65 प्रति डॉलर पर पहुंच गया। रुपये में सुधार और कच्चे तेल की कीमतों में नरमी से बाजार को सहारा मिला।
TCS के शेयर में करीब 5% की तेजी
टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के शेयर में करीब 5% की बढ़त दर्ज की गई और यह 2,171 रुपये पर बंद हुआ। कंपनी के दूसरी तिमाही के नतीजे इसके पीछे प्रमुख वजह रहे। TCS का नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 15% बढ़कर 13,884 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी ने 12,075 करोड़ रुपये का मुनाफा दर्ज किया था। कंपनी ने 12 रुपये प्रति शेयर के दूसरे अंतरिम डिविडेंड का भी ऐलान किया।
विदेशी निवेशकों की बिकवाली जारी
बाजार में तेजी के बावजूद विदेशी संस्थागत निवेशक (FII/FPI) भारतीय शेयरों की बिक्री कर रहे हैं। उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, गुरुवार को उन्होंने करीब 12,944 करोड़ रुपये के शेयर बेचे। पिछले 30 दिनों में उनकी शुद्ध बिकवाली लगभग 82,170 करोड़ रुपये रही। इसके उलट घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने बाजार में खरीदारी जारी रखी। बीते 30 दिनों में उनकी शुद्ध खरीदारी करीब 89,649 करोड़ रुपये रही।
एशियाई और अमेरिकी बाजारों का हाल
एशियाई बाजारों में कारोबार मिला-जुला रहा। हांगकांग का हैंगसेंग 1.79% चढ़ा, जबकि दक्षिण कोरिया का कोस्पी 2.62% गिरा। जापान का निक्केई मामूली गिरावट के साथ बंद हुआ। अमेरिकी बाजार में 8 अक्टूबर को डाउ जोन्स 0.10% बढ़ा, जबकि नैस्डैक 1.25% और S&P 500 में 0.47% की गिरावट रही। गौरतलब है कि इससे पहले गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार 1,000 अंक से ज्यादा की गिरावट के साथ बंद हुआ था। ऐसे में शुक्रवार की तेजी से निवेशकों को कुछ राहत मिली।









