अफसरों की गैरहाजिरी और गलत प्रतिवेदन से नाराजगी

दिशा की बैठक में लोकसभा सांसद और नागदा-खाचरौद विधायक ने दिखाए तेवर, विधायक ने छोड़ी बैठक
अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। छह महीने बाद हुई जिला विका समन्वय एवं निगरानी समिति की बैठक में लोकसभा सांसद और नागदा खाचरौद विधायक के तीखे तेवर दिखाई दिए। गलत प्रतिवेदन पेश करने से विधायक तो इतने नाराज हुए कि वह बैठक छोड़कर ही चले गए। सांसद भी कुर्सी छोड़कर बाहर निकल आए, ऐसेम ेंकलेक्टर उन्हें मनाकर अपने कक्ष में ले गए।
दरअसल, सांसल अनिल फिरोजिया की अध्यक्षता में प्रशासनिक संकुल सभाकक्ष में दिशा की बैठक बुधवार को रखी गई थी। यूं तो हर तीन महीने में होने वाली यह बैठक छह महीने बाद हो रही थी। समय पर सूचना देने के बावजूद कई विभागों के अफसर बैठक में नहीं थे। मीटिंग का एजेंडा जैसे ही रखा गया, उसे पढ़कर नागदा-खाचरौद विधायक डॉ. तेजबहादुरसिंह चौहान का माथा ठनक गया। एजेंडे में वह काम भी बता दिए गए थे, जो जमीन पर थे ही नहीं।
ऐसे में डॉ. चौहान खफा हो गए। उन्होंने कहा कि मीटिंग में गलत जानकारी दी जा रही है और वह इसके लिए तैयार नहीं है। उन्होंने अफसरों से कहा कि वह मौके पर ले जाकर यह बता सकते हैं कि यह काम नहीं हुए हैं। यह कहते हुए उन्होंने मीटिंग छोड़ दी। जिला पंचायत सीईओ श्रेयांश कूमट ने उन्हें मनाने की कोशिश की लेकिन वह नहीं रुके। इस बीच सांसद अनिल फिरोजिया के तेवर भी तीखे हो गए। उन्होंने सवाल उठाया कि छह महीने बाद हो रही मीटिंग में आखिर सारे अधिकारी क्यों नहीं आए हैं। वह भी यह कहते हुए कुर्सी छोड़ बाहर आ गए, ऐसे में कलेक्टर रौशनकुमार सिंह को मामला संभालना पड़ा। वह फिरोजिया को अपने कक्ष में ले गए, तब तक महापौर मुकेश टटवाल भी पहुंच गए। दोनों के साथ करीब 10 मिनट तक कलेक्टर ने चर्चा की। इसमें कई मुद्दे उठे।
चार नए बिजली सब स्टेशन बन रहे
कलेक्टर रौशनकुमार सिंह ने बैठक में बताया कि सिंहस्थ के लिए शहर में 04 नए आधुनिक ट्रांसफर स्टेशन बन रहे हैं। जूना सोमवारिया स्थित ऊंचे चैंबर नीचे करवा दिए हैं। सांसद ने बारिश सीजन में निर्बाध बिजली आपूर्ति पर जोर दिया।
महाकाल में गर्भगृह नहीं खोलने और कालभैरव मंदिर में वीआईपी शुल्क पर नाराजगी: सांसद महाकाल मंदिर का गर्भगृह आम श्रद्धालुओं के लिए नहीं खोलने और कालभैरव मंदिर के गर्भगृह में दर्शन पर वीआईपी शुल्क लगाने से भी नाराज दिखें। उन्होंनेकहा कि कोई भी फैसला करने से पहले बात तो करनी ही चाहिए। हम २० लाख लोगों का प्रतिनिधित्व करते हैं, चुनाव हमें लडऩा है, आप लोगों को नहीं। जनता के सवालों का हम क्या जवाब दें।
सांसद को मनाकर लाएं, मीटिंग शुरु हुई
सावन मीटिंग जब दोबारा शुरू हुई तो सांसद ने टाटा के सीवरेज प्रोजेक्ट में बरती जा रही लापरवाही और एमआर-५ के नाले का मुद्दा रखा। सांसद ने कहा कि यह दोनों काम रिस्की होते जा रहे हैं। पांच साल में नाला बनाने का सिर्फ प्रस्ताव आ रहा है। महाकाल सवारी मार्ग पर भी बात हुई और ढाबा रोड मार्ग 15 जुलाई तक पूर्ण करने पर सहमति बनी। सिंहस्थ की तैयारियों, मानसूनी अव्यवस्थाओं और विकास कार्यों की समीक्षा की गई। सांसद ने कहा कि बिजली के पोल और तारों की समय पर मरम्मत की जाए ताकि अप्रिय घटना न हो। सीवरेज, गैस और पाइपलाइन के कार्यों में विशेष सावधानी और सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। एम.आर. 05 सड़क क्षेत्र में ट्रेचिंग ग्राउंड के पास स्थित नाले से स्थानीय लोगों को हो रही समस्या का शीघ्र निदान करने पर भी बात हुई।
ईडब्ल्यूएस मकानों का आवंटन
गरीबी रेखा के नीचे जीवन-यापन करने वाले लोगों को निगम, बोर्ड या प्राधिकरण की कॉलोनियों में ई.डब्ल्यू.एस. के रिक्त मकानों का आवंटन करने का कहा गया। नई कॉलोनियों के निर्माण में सुरक्षा मानकों का ध्यान देने पर भी बात हुई। कलेक्टर ने बताया कि स्थानीय कॉलोनाइजरों को सुरक्षा मानकों के लिए पाबंद किया है।
पाइप लाइन बिछाएं आरओ जल दें
राज्यसभा सदस्य बालयोगी उमेश नाथ महाराज ने टैंकर आपूर्ति वाले इलाकों में पाइपलाइन बिछाने और खुदी सड़कों की मरम्मत शीघ्रता से करने की बात की। फिरोजिया ने कॉलेजों और हॉस्टलों में आर.ओ. पेयजल की व्यवस्था करने का कहा।









