पिछले सिंहस्थ में पदस्थ रहे अफसरों ने सुनाए अपने किस्से

अनुभव की पाठशाला में अधिकारियों से मिलने पहुंचे मुख्यमंत्री

जमीन आवंटन से लेकर भीड़ प्रबंधन तक के दिए टिप्स
अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। सिंहस्थ-2028 की तैयारी में रात-दिन एक कर रहे अफसरों ने जमीनी पकड़ को मजबूत करने के लिए शनिवार को इंदौर रोड स्थित होटल अंजुश्री में अनुभव की पाठशाला लगाई। इसमें सिंहस्थ-2016 में तैनात रहे अफसरों ने किस्से सुनाए। उन्होंने जमीन आवंटन से लेकर भीड़ प्रबंधन तक के टिप्स दिए। दोपहर में कार्यशाला में शामिल होने सीएम डॉ. मोहन यादव भी पहुंचे। मौजूदा समय में अलग-अलग विभागों में पदस्थ अफसरों ने उनके टिप्स नोट किए।
दरअसल, सिंहस्थ प्रबंधन अपने आप में बड़ी चुनौती है। इस बार तो यह चुनौती पिछले सिंहस्थ से कई गुना बड़ी है। इसकी वजह अध्यात्म, धर्म व आस्था का विस्तार है। इसकी बानगी प्रयागराज महाकुंभ में दिखाई भी दी है, जब 30 करोड़ श्रद्धालुओं के आंकलन से दोगुना ज्यादा श्रद्धालु यहां स्नान के लिए पहुंचे थे। ऐसे में उज्जैन के पिछले सिंहस्थ का 7 करोड़ का आंकड़ा इस बार 30 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालुओं का होने की संभावना है। इसी मुताबिक प्रदेश सरकार व स्थानीय प्रशासन व्यवस्था बनाने में जुटा है। जमीनी स्तर पर निर्माण कार्य के बाद अब लोगों के अनुभव भी जाने जा रहे हैं।
इसी कड़ी में सिंहस्थ मेला अधिकारी आशीष सिंह ने शनिवार को कार्यशाला की। इसमें 2016 के सिंहस्थ में सेवा देने वाले अफसरों को उनके अनुभव सुनाए के लिए बुलाया। मौजूदा समय में पदस्थ अफसर भी कार्यशाला में मौजूद रहे और टिप्स लिए। कार्यशाला में तत्कालीन संभागायुक्त रवींद्र पस्तौर, तत्कालीन कलेक्टर कवींद्र कियावत, तत्कालीन एसपी एमएस वर्मा, नरेंद्र सूर्यवंशी (रीवा कलेक्टर), अवधेश शर्मा , सुजान सिंह रावत, रोहन सक्सेना सहित बड़ी संख्या में अफसर शामिल होने पहुंचे। कलेक्टर रौशनकुमार सिंह ने बताया कार्यशाला में मिले अनुभव के आधार पर कार्ययोजना बनाने में मदद मिलेगी। इसी मकसद से यह आयोजन किया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव का कमल के फूलों की माला से अभिनंदन
उज्जैन। सीएम डॉ. मोहन यादव सिंहस्थ अनुभव की कार्यशाला में शामिल होने के लिए शनिवार दोपहर उज्जैन पहुंचे। हेलीपैड पर उनका अभिनंदन कमल के फूलों की माला से किया गया। इस मौके पर बड़ी संख्या में भाजपा नेता पुलिस लाइन स्थित हेलीपैड पर उपस्थित थे। सीएम ने इस दौरान लोगों से मुलाकात भी की।









