इंदौर में 12वीं की छात्रा ने की आत्महत्या, युवक की प्रताड़ना से थी परेशान; पहले भी की थी शिकायत

इंदौर के परदेशीपुरा क्षेत्र में शुक्रवार सुबह एक दर्दनाक घटना सामने आई। यहां 12वीं कक्षा में पढ़ने वाली 17 वर्षीय छात्रा ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है। परिजनों का आरोप है कि इलाके में रहने वाला एक युवक लंबे समय से छात्रा को परेशान कर रहा था और लगातार धमकियां दे रहा था, जिसके कारण वह मानसिक तनाव में थी।

एक महीने पहले थाने में की थी शिकायत
परिजनों के अनुसार, छात्रा ने करीब एक माह पहले परदेशीपुरा थाने में लिखित शिकायत देकर इलाके के रहने वाले नमन कामले नामक युवक पर गंभीर आरोप लगाए थे। शिकायत में छात्रा ने कहा था कि युवक उसका पीछा करता है, उसे परेशान करता है और लगातार धमकियां देता है।
परिवार का यह भी कहना है कि युवक ने छात्रा के जीजा को नुकसान पहुंचाने की धमकी तक दी थी। इस कारण परिवार काफी समय से परेशान था और उन्होंने पुलिस से कार्रवाई की मांग भी की थी।
एफआईआर नहीं होने का लगाया आरोप
छात्रा के परिजनों का आरोप है कि शिकायत देने के बावजूद पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज नहीं की। परिवार का कहना है कि पुलिस ने केवल दोनों पक्षों को बुलाकर समझाइश दी और युवक को छोड़ दिया।
परिजनों का मानना है कि यदि समय रहते पुलिस ने सख्त कार्रवाई की होती, तो शायद उनकी बेटी आज जिंदा होती। घटना के बाद परिवार ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं।
शुक्रवार सुबह सामने आई घटना
जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार सुबह छात्रा अपने कमरे में थी। कुछ समय बाद उसके पिता कमरे में पहुंचे तो उन्होंने बेटी को फंदे पर लटका हुआ देखा। यह दृश्य देखते ही परिवार के लोगों के होश उड़ गए।
परिजन तत्काल छात्रा को नीचे उतारकर अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के अनुसार, अस्पताल पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी।
मौके से नहीं मिला कोई सुसाइड नोट
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने कमरे की तलाशी भी ली, लेकिन वहां से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ।
सुसाइड नोट नहीं मिलने के कारण फिलहाल आत्महत्या के पीछे की वास्तविक वजहों को लेकर जांच की जा रही है। हालांकि परिवार लगातार युवक की प्रताड़ना को इस घटना की वजह बता रहा है।
पुलिस जुटी जांच में
पुलिस ने मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और छात्रा द्वारा पहले दी गई शिकायत से जुड़े दस्तावेज भी खंगाले जा रहे हैं।
साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने क्या कार्रवाई की थी और मामले में कहीं कोई लापरवाही तो नहीं हुई। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
कई सवाल छोड़ गई छात्रा की मौत
इस घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यदि छात्रा ने पहले ही प्रताड़ना और धमकियों की शिकायत पुलिस को दी थी, तो उस शिकायत पर क्या कार्रवाई हुई? क्या शिकायत को गंभीरता से लिया गया था? और क्या समय रहते सख्त कदम उठाकर इस दुखद घटना को रोका जा सकता था?
फिलहाल इन सभी सवालों के जवाब पुलिस जांच के बाद ही सामने आ पाएंगे। वहीं छात्रा की मौत से परिवार गहरे सदमे में है और न्याय की मांग कर रहा है।









