गर्मियों में आदिवासियों की ये देसी ड्रिंक रखेगी शरीर ठंडा, लू से भी मिलेगा बचाव

महुआ फूल से तैयार होने वाली राब बालाघाट की खास पहचान बन चुकी है। यह पारंपरिक ड्रिंक न सिर्फ टेस्ट में लाजवाब है, बल्कि हेल्थ के लिहाज से भी काफी फायदेमंद मानी जाती है।
बालाघाट में महुआ के ताजे या सूखे फूलों का रस निकालकर इसे पकाया जाता है। गर्मी के मौसम में यह शरीर को एनर्जी देने के साथ-साथ ठंडक भी पहुंचाती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इसमें नेचुरल स्वीटनेस होती है, जो इसे और भी खास बनाती है।
हेल्थ एक्सपर्ट्स की मानें तो महुआ राब में नेचुरल शुगर, विटामिन्स और मेडिसिनल प्रॉपर्टीज भरपूर मात्रा में मिलती हैं। यह डाइजेशन को बूस्ट करने में मदद करती है और शरीर को ताजगी व एक्टिवनेस देती है। गांवों में गर्मी और थकान से बचने के लिए इसका इस्तेमाल सदियों से चला आ रहा है।
ग्रामीण इलाकों में एक खास बात और जुड़ी है इस ड्रिंक से। प्रसव के बाद नई मांओं को रोजाना एक चम्मच राब दी जाती है ताकि उनकी बॉडी में स्ट्रेंथ आ सके। यह प्रैक्टिस आज भी कई जगहों पर फॉलो होती है।
आज की जेनरेशन के लिए भी यह पारंपरिक ड्रिंक काफी बेनिफिशियल हो सकती है। नेचुरल इंग्रेडिएंट्स और पोषक तत्वों से भरपूर होने की वजह से यह मार्केट में मौजूद एनर्जी ड्रिंक्स का बेहतर विकल्प साबित हो सकती है।









