Vegetable Price Hike: बारिश से महंगी हुई सब्जियां, बिगड़ा रसोई बजट

Vegetable Price Hike: बारिश और बाढ़ से बढ़ी महंगाई, सब्जियों के दाम चढ़े, रसोई का बजट बिगड़ा
लगातार बारिश से सब्जियों की सप्लाई प्रभावित
देश के कई राज्यों में लगातार हो रही भारी बारिश और बाढ़ के कारण हरी सब्जियों की आपूर्ति प्रभावित हुई है। खेतों में जलभराव, फसलों को नुकसान और परिवहन व्यवस्था बाधित होने से बाजार में सब्जियों की कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है। इसका सीधा असर आम लोगों की रसोई और मासिक बजट पर पड़ रहा है।
टमाटर, हरी मिर्च समेत कई सब्जियां हुईं महंगी
बारिश के बाद टमाटर, हरी मिर्च, लौकी, नेनुआ, भिंडी और अन्य हरी सब्जियों के दाम बढ़ गए हैं। कई स्थानीय बाजारों में टमाटर 40 से 50 रुपये प्रति किलो तक बिक रहा है, जबकि लौकी और नेनुआ की कीमत 30 से 35 रुपये प्रति किलो पहुंच गई है। छोटे सब्जी विक्रेताओं का कहना है कि बढ़ी हुई लागत के कारण पहले जितनी मात्रा में सब्जियां खरीदना अब संभव नहीं है।
पिछले साल के मुकाबले टमाटर की कीमत में 31% बढ़ोतरी
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जून 2025 की तुलना में जून 2026 में टमाटर की औसत कीमत करीब 31% बढ़ गई है। जहां पिछले साल टमाटर 32 रुपये प्रति किलो था, वहीं इस साल इसकी कीमत लगभग 42 रुपये प्रति किलो पहुंच गई। इसी दौरान आलू की कीमतों में करीब 5% और प्याज की कीमतों में 8% तक वृद्धि दर्ज की गई है।
हिमाचल प्रदेश में भी बढ़े सब्जियों के दाम
हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश और भूस्खलन के कारण सब्जियों की आपूर्ति प्रभावित हुई है। शिमला की लोअर मार्केट सब्जी मंडी में कई सब्जियों के दाम बढ़ गए हैं।
हिमाचल में प्रमुख सब्जियों के दाम (प्रति किलो)
| सब्जी | कीमत |
|---|---|
| पत्ता गोभी | ₹40 |
| टमाटर | ₹40 |
| घीया | ₹50 |
| भिंडी | ₹40 |
| प्याज | ₹40 |
| पहाड़ी आलू | ₹40 |
| फूलगोभी | ₹80 |
| मटर | ₹50–₹120 |
| शिमला मिर्च | ₹50 |
| फ्रेंच बीन्स | ₹50 |
आम लोगों पर क्या पड़ेगा असर?
सब्जियों की बढ़ती कीमतों के कारण परिवारों का मासिक रसोई बजट बढ़ गया है। कई लोग महंगी सब्जियों की जगह सस्ती सब्जियां खरीदने को मजबूर हैं, जबकि कुछ परिवार सब्जियों की मात्रा भी कम कर रहे हैं। इससे पोषण और खानपान पर भी असर पड़ सकता है।
आगे क्या हो सकता है?
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आने वाले दिनों में बारिश और बाढ़ की स्थिति बनी रही और सब्जियों की आपूर्ति सामान्य नहीं हुई, तो टमाटर, हरी मिर्च, भिंडी, फूलगोभी समेत कई सब्जियों की कीमतों में और बढ़ोतरी हो सकती है। ऐसे में आम उपभोक्ताओं को महंगाई का दबाव कुछ समय तक और झेलना पड़ सकता है.









