शिखा बन जालसाज ने वॉट्सएप पर बिछाया जाल, किश्तों में ऐंठी रकम

शेयर बाजार में छप्परफाड़ रिटर्न का सब्जबाग
अक्षरविश्व न्यूज इंदौर। घर बैठे ट्रेडिंग से रातों-रात अमीर बनने की हसरत एक शख्स को भारी पड़ गई। जालसाजों ने ऐसा शातिराना चक्रव्यूह रचा कि स्कीम नंबर 78 निवासी विश्वामित्र दुबे अपनी गाढ़ी कमाई के 15 लाख रुपए लुटा बैठे। पहले वॉट्सएप पर संपर्क साधकर भरोसा जीता, फिर मोबाइल में फर्जी ट्रेडिंग ऐप डाउनलोड करवाकर स्क्रीन पर लाखों का मनगढ़ंत मुनाफा दिखाया। जब पीडि़त ने अपने रुपए निकालने चाहे, तो जालसाजों ने अलग-अलग प्रक्रियाओं में उलझाकर किश्तों में 15 लाख रुपए अपने खातों में डलवा लिए। ठगी का अहसास होने पर लसूडिय़ा पुलिस ने कॉल करने वाली युवती और बैंक खाताधारकों पर केस दर्ज किया है।
विश्वामित्र दुबे के पास 1 सितंबर को वॉट्सएप पर अनजान नंबर से कॉल आया था। फोन पर खुद को शिखा बताने वाली युवती ने शेयर बाजार में भारी मुनाफे का झांसा दिया। उसके कहने पर पीडि़त ने ‘निफ्टी पीडब्ल्यूएमÓ ऐप डाउनलोड कर लिया। एजेंट के दिए खातों में रुपए जमा करते ही स्क्रीन पर भारी मुनाफा और दो बड़े फर्जी आईपीओ अलॉटमेंट दिखने लगे।
दस दिनों के बाद भनक लगी
एप में दिख रहा फर्जी मुनाफा देख जब विश्वामित्र ने रकम निकालने की कोशिश की, तो शातिरों ने दांव पलट दिया। कभी विथड्रॉल चार्ज तो कभी टैक्स का हवाला देकर उनसे कई बार में 15 लाख रुपए अलग-अलग खातों में ट्रांसफर करवा लिए। दस दिन बीतने के बाद भी जब खाते में एक रुपया नहीं पहुंचा, तब डिजिटल डकैती की भनक लगी। लसूडिय़ा पुलिस अब संबंधित बैंक खातों और ऐप की चैकिंग कर गिरोह की तलाश में जुटी है।









