ऑनलाइन ठगी के शिकार हो रहे बाबा महाकाल के भक्त

उज्जैन। उज्जैन दर्शन करने आ रहे हैं और यहां ठहरने के लिए ऑनलाइन रूम सर्च कर रहे हंै तो सावधान हो जाइए, आपके साथ ठगी हो सकती है। पुलिस की सख्ती के बावजूद उज्जैन में ऑनलाइन रूम बुकिंग के नाम पर ठगी का धंधा थमा नहीं है। सर्च इंजिन पर जैसे ही आप भक्त निवास या महाकाल धर्मशाला सर्च करेंगे आपके सामने कई बेवसाइट खुल जाएंगी। इनमें से अधिकांश के नाम एक जैसे हैं, सिर्फ कुछ शब्दों का अंतर है। वास्तविकता यह है कि महाकाल भक्त निवास पर ऑनलाइन बुकिंग जैसी कोई व्यवस्था ही नहीं है।

मंगलवार शाम सुमित जैन नामक शख्स महाकाल थाने पर पहुंचा। उसने बताया कि ऑनलाइन सर्च कर एक वेबसाइट के जरिए महाकाल भक्त निवास पर रूम बुक करवाया था। इसके एवज में 3500 रुपए पेमेंट भी किया था। परिवार के साथ उज्जैन आया तो पता चला कि भक्त निवास में मेरा रूम ही बुक नहीं है। सुमित जैन ने मामले की लिखित शिकायत की है। साथ ही वह मोबाइल नंबर भी उपलब्ध कराया है जिस पर ठगोरे से उसकी बात हुई थी।
समिति का लेना-देना नहीं: महाकाल भक्त निवास का महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति से सीधा कोई लेना-देना नहीं है। भारत माता मंदिर परिसर में महाकालेश्वर भक्त निवास का संचालन माधव सेवा न्यास द्वारा किया जाता है। इसकी भी वेबसाइट को जैसे ही खोलेंगे चेतावनी लिखी दिखेगी कि यहां ऑनलाइन रूम बुक नहीं किए जाते हैं।
100 से ज्यादा डोमेन: सर्च इंजन पर जैसे ही कोई भक्त निवास उज्जैन, महाकाल भक्त निवास, महाकाल धर्मशाला जैसे कॉमन वर्ड सर्च करता है तो सैकड़ों पेज एड्रेस ओपन हो जाते हैं। इनके डोमेन नाम भी एक जैसे ही हैं, केवल शब्दों का अंतर है जिससे श्रद्धालु भ्रमित होते हैं और फिर उनके साथ ठगी होती है।
पत्र व्यवहार कर रहे…
हमारे पास जितनी भी शिकायतें पहुंचती हैं, उन्हें सायबर टीम की मदद लेकर आरोपियों की निरंतर धरपकड़ की जाती है। फर्जी वेब पेज को बंद कराने के लिए फिर से पत्र व्यवहार कर रहे हैं।
– गगन बादल, टीआई, थाना महाकाल









