एक घंटे में दो वारदात, महाराष्ट्र की दो महिला श्रद्धालुओं के गले से बदमाश ने उड़ाई गोल्ड चेन

हे महाकाल… इतनी सुरक्षा फिर भी मंदिर के यह कैसे हाल

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मंगलवार को चेन स्नैचरों ने मंदिर में महाराष्ट्र की दो महिला श्रद्धालुओं के गले से सोने की उड़़ा दी। महज एक घंटे के अंदर हुई इन दो वारदातों के बाद सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी। इससे हडक़ंप मच गया, मंदिर प्रशासन ने तत्काल सीसीटीवी कैमरे खंगाले लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इससे पहले 27 मई को भी मुंबई के रहने वाले श्रद्धालु के गले से स्नैचर ने चेन उड़ाने का प्रयास किया था लेकिन वह सफल नहीं हो सका था।
दरअसल, गर्मी की छुट्टियां खत्म होने से पहले श्री महाकालेश्वर मंदिर में इन दिनों देशभर से आने वाले दर्शनार्थियों की संख्या बढ़ गई है। इसी का फायदा उठाते हुए चेन स्नैचरों ने वारदात को अंजाम दिया। पहली वारदात सुबह ११ बजे महाराष्ट्र की रंजना जगदेव गाले के साथ हुई। वे शीघ्र दर्शन टिकट लेकर परिवार के साथ मंदिर पहुंची थीं। गणेश मंडपम पर बदमाश ने उनके गले से ढाई तोला की सोने की चेन और 2 ग्राम का पेंडल खींच लिया। इसके एक घंटे बाद मुंबई के कल्याण वेस्ट की स्वर्णलता मंत्री के साथ दूसरी वारदात हुई। पालकी गेट के पास भीड़ में किसी ने उनके गले से दो तोला वजन की सोने की चेन जिसमें सोने के मोती और ढाई ग्राम का पेंडल लगा था, खींच लिया। दोनों चेन की कीमत लगभग साढ़े चार लाख रुपए है। इसके बाद श्रद्धालुओं ने आईटी शाखा में जाकर सीसीटीवी कैमरे के फुटेज भी देखे लेकिन कुछ पता नहीं चला। इसके बाद वह अपना नाम, पता और नंबर लिखवाकर रवाना हो गए।
सुरक्षा पर उठ रहे सवाल
मंदिर की सुरक्षा में क्रिस्टल कंपनी के सिक्योरिटी गाड्र्स के अलावा पुलिस और होमगार्ड के जवान जगह-जगह तैनात रहते हैं। इसके अलावा मंदिर और मंदिर परिसर में सीसीटीवी कैमरे भी लगे हैं, बावजूद इसके स्नैचरों ने इतनी सफाई से चेन उड़ा दी जिससे सुरक्षा व्यवस्था पर कई तरह के सवाल खड़े होते हैं। मंदिर प्रशासन द्वारा करोड़ों रुपए खर्च करने के बावजूद इस तरह की घटनाओं से मंदिर की छवि धूमिल हो रही है।
इनका कहना
भीड़ में चेन चोरी की घटनाएं होती ही हैं। फिलहाल सीसीटीवी कैमरे देखे रहे हैं। मीटिंग में होने के कारण मुझे ज्यादा जानकारी नहीं है, इस संबंध में जानकारी लेता हूं।
मूलचंद जूनवाल, सहायक प्रशासक, श्री महाकालेश्वर मंदिर
श्रद्धालु रिपोर्ट दर्ज करवाने थाने तक नहीं पहुंचे हैं। मंदिर प्रशासन की ओर से कोई सूचना नहीं मिली है, ना ही आवेदन आया है। हम अपने स्तर पर पता लगा रहे हैं।
– गगन बादल, टीआई
महाकाल थाना









