बेगमबाग में तीन प्लॉट पर बने 16 भवन ध्वस्त करने की तैयारी

उज्जैन। उज्जैन विकास प्राधिकरण की बेगमबाग योजना में आवासीय भवनों पर व्यवसायिक निर्माण करने वालों के खिलाफ एक बार फिर बड़ी कार्रवाई की तैयारी प्रशासन कर रहा है। यहां के तीन प्लॉट पर बने १६ भवनों को तोड़ा जाएगा। श्री महाकालेश्वर और हरिहर मिलन की सवारी के बाद यह कार्रवाई कभी भी हो सकती है। यूडीए प्रशासन ने इन भवनों के मालिकों को अंतिम नोटिस थमा दिए हैं। यह कार्रवाई प्लॉट नं. 26, 48 और 63 पर होगी। यूडीए अब तक यहां के 27 निर्माणों को गिरा चुका है। बेगमबाग की जिन जमीनों पर लोगों ने घर बनाए थे, वे लीज खत्म होने पर फिर यूडीए की संपत्ति हो चुकी है। ऐसे में यह निर्माण अतिक्रमण की श्रेणी में आ गए हैं।

लीज शर्तों का उल्लंघन: बेगमबाग क्षेत्र में 1985 में 34 प्लॉट 30 साल की लीज पर आवासीय उपयोग के लिए दिए गए थे। नियमों के अनुसार इन प्लॉटों पर व्यावसायिक गतिविधियां नहीं की जा सकती थीं, ना ही इनको किसी अन्य को बेचा जा सकताा था। बावजूद इसके कई लोगों ने मकानों में दुकानें, होटलें खोल ली। कइयों ने प्लॉट के टुकड़े कर उसे अन्य को बेच दिया। लीज का नवीनीकरण भी नहीं कराया। ऐसे में यह प्लॉट और भवन अवैध हो गए। पूरे क्षेत्र में इस तरह के करीब 60 निर्माण हैं, इनमें से अब तक 27 को हटाया जा चुका है। यूडीए कोर्ट के आदेश के बाद संबंधित निर्माण पर लगातार कार्रवाई कर रहा है।
इनको दी अंतिम सूचना: प्लॉट 26 सैय्यद कियामत अली, रोशनी बी, मो. इकबाल /बाबा मलंग, प्लॉट 48 मो. अयूब, अब्दुल खालिक, रईस मोहम्मद, साजिद खां, अकीला बी, मो0 नासिर, एजाज अहमद, प्लॉट 63 आयशा बी, उवेश खां, अब्दुल नासिर, अब्दुल शाकिर, अनीसा बी, फेमिदा बी के नाम से नोटिस जारी किया गया है। यूडीए सीईओ संदीप सोनी ने बताया कि संबंधित प्लॉट्स पर बने भवनों पर जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।








