World Bank का बड़ा भरोसा! वैश्विक संकट के बीच भी तेज़ी से बढ़ेगी भारत की अर्थव्यवस्था, जानें वजह

दुनिया भर में चल रहे भू-राजनीतिक तनाव और आर्थिक अनिश्चितताओं के बीच भारत की अर्थव्यवस्था एक मजबूत दीवार की तरह खड़ी है। विश्व बैंक ने साफ किया है कि भारत की आर्थिक बुनियाद बेहद पक्की है और आने वाले वर्षों में भी देश की विकास दर तेज बनी रहेगी। इस भरोसे के पीछे भारत का बेहतरीन कारोबारी माहौल, तेजी से बढ़ते द्विपक्षीय व्यापार समझौते और फूड प्रोसेसिंग जैसे अहम सेक्टर की बड़ी भूमिका है।
वैश्विक चुनौतियों के बावजूद भारत की अर्थव्यवस्था कैसे बनी है इतनी मजबूत?
विश्व बैंक के भारत के लिए ऑपरेशंस मैनेजर और कार्यवाहक कंट्री डायरेक्टर पॉल प्रोसी का कहना है कि भारत की अपनी एक विशाल अर्थव्यवस्था है और इसकी बेसलाइन ग्रोथ बहुत मजबूत है। गुजरात के अहमदाबाद में विश्व बैंक और केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय की ओर से आयोजित हाई-लेवल पॉलिसी डायलॉग के दौरान उन्होंने यह बात कही। उनके मुताबिक भारत की सफलता की सबसे बड़ी वजह यह है कि वह अपने लोगों और व्यापारिक इंफ्रास्ट्रक्चर में लगातार निवेश कर रहा है। साथ ही देश द्विपक्षीय भागीदारों के साथ बेहतरीन व्यापारिक समझौते कर रहा है जो इसे बाहरी झटकों से बचाते हैं और विकास की रफ्तार को पक्का करते हैं।
विदेशी निवेशकों के लिए भारत आज सबसे बड़ा बाजार क्यों है?
जब बात निवेश की आती है तो दुनियाभर के देशों के मुकाबले भारत का आकर्षण तेजी से बढ़ रहा है। प्रोसी ने भारत के विस्तार को देखते हुए इसे एक महाद्वीप के रूप में वर्णित किया। उन्होंने कहा कि भारत एक शानदार कारोबारी माहौल बना रहा है जहां स्थानीय और विदेशी दोनों निवेश सीधे प्राइवेट सेक्टर को मजबूत करने का काम कर रहे हैं। इसके अलावा भारत का विशाल उपभोक्ता वर्ग और लगातार बढ़ते फ्री ट्रेड एग्रीमेंट निवेशकों के लिए मुनाफे के बेहतरीन अवसर लेकर आ रहे हैं जिससे देश की आर्थिक वृद्धि को नई दिशा मिल रही है।
फूड प्रोसेसिंग सेक्टर देश का अगला ग्रोथ इंजन कैसे बनेगा?
विश्व बैंक के अधिकारी ने खासतौर पर फूड प्रोसेसिंग यानी खाद्य प्रसंस्करण को भारत के भविष्य के विकास के लिए सबसे होनहार क्षेत्रों में से एक बताया है। यह सेक्टर पहले से ही भारत के प्रमुख विनिर्माण और निर्यात करने वाले बड़े सेक्टर्स में गिना जाता है। इसे और आगे बढ़ाने के लिए विश्व बैंक और भारत सरकार मिलकर काम कर रहे हैं ताकि किसानों के लिए सप्लाई चेन और मार्केट लिंकेज को और मजबूत बनाया जा सके।
इस पूरे आर्थिक विकास से ग्रामीण भारत को क्या फायदा होगा?
किसी भी देश का असली विकास तब होता है जब उसका फायदा जमीनी स्तर तक पहुंचे। फूड प्रोसेसिंग सेक्टर का सीधा जुड़ाव देश के गांवों और किसानों से है। पॉल प्रोसी ने कहा कि भारत की 60 प्रतिशत आबादी आज भी ग्रामीण इलाकों में रहती है इसलिए इस सेक्टर में विकास की असीम संभावनाएं छिपी हुई हैं। फूड प्रोसेसिंग उद्योग को विकसित करने से न केवल कृषि क्षेत्र को ताकत मिलेगी बल्कि ग्रामीण भारत में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और आर्थिक विकास के नए दरवाजे खुलेंगे।







