गर्मी में सेहत का खजाना है फालसा, खून बढ़ाने से लेकर इम्युनिटी मजबूत करने तक देगा कई फायदे

पहाड़ों से बाजार तक पहुंचता है यह फल
माउंट आबू और अरावली की पहाड़ियों में इन दिनों झाड़ीनुमा पौधों पर फालसा के फल आने लगे हैं। आदिवासी महिलाएं इन्हें इकट्ठा कर शहर के बाजारों में बेचने आती हैं। स्थानीय लोग फालसा को करोंदे के नाम से भी जानते हैं। स्वाद में खट्टा-मीठा और तासीर में बेहद ठंडा होने के कारण यह चिलचिलाती गर्मी और उमस में शरीर को राहत देता है। मौसमी बीमारियों से बचाव में भी यह फल रसोई का एक अहम हिस्सा साबित होता है।
लू और डिहाइड्रेशन का अचूक इलाज
आयुर्वेद में चिलचिलाती गर्मी और लू से बचने के लिए फालसा को एक बेहतरीन उपाय माना गया है। इसकी ठंडी तासीर शरीर के आंतरिक तापमान को संतुलित रखने में काफी कारगर होती है। भीषण गर्मी में जब पसीने के कारण शरीर में पानी की कमी होने लगती है तो फालसा का सेवन डिहाइड्रेशन से बचाता है। यह आपको दिनभर तरोताजा और ऊर्जावान बनाए रखने में भी पूरी तरह सहायक होता है।
पेट की हर तकलीफ में देता है राहत
पेट से जुड़ी परेशानियों और खराब पाचन में फालसा का कोई जवाब नहीं। इस छोटे से फल में फाइबर की भरपूर मात्रा होती है जो पाचन तंत्र को दुरुस्त करती है। एसिडिटी, कब्ज, अपच और पेट की जलन को शांत करने में यह बेहद प्रभावी है। इसके नियमित सेवन से पेट को शीतलता मिलती है और गर्मियों में होने वाली गैस्ट्रिक समस्याओं से भी काफी राहत मिल जाती है।
खून बढ़ाए और इम्युनिटी मजबूत करे
पाचन के अलावा फालसा शरीर में खून की कमी दूर करने में भी बेहद सहायक है। इसमें आयरन की प्रचुर मात्रा पाई जाती है जो हीमोग्लोबिन का स्तर बढ़ाने और एनीमिया जैसी गंभीर समस्या से लड़ने में मदद करती है। इसके साथ ही इस फल में मौजूद विटामिन-सी और एंटीऑक्सीडेंट्स शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को जबरदस्त तरीके से बूस्ट करते हैं।
त्वचा और आंखों के लिए भी है टॉनिक
फालसा त्वचा और आंखों की सेहत के लिए भी एक बेहतरीन टॉनिक का काम करता है। इसमें मौजूद विटामिन-ए और विटामिन-सी त्वचा को भीतर से पोषण देते हैं जिससे चेहरे पर प्राकृतिक चमक आती है और बढ़ती उम्र के निशान कम होते हैं। गर्मियों में आंखों में होने वाली जलन, थकावट और लाली को दूर करने के साथ-साथ यह दृष्टि को स्वस्थ बनाए रखने में भी मदद करता है।
कैसे करें इसे अपनी डाइट में शामिल?
फालसे को आप कई तरीकों से खा सकते हैं। पके फलों को अच्छी तरह धोकर काला नमक, काली मिर्च या चाट मसाला छिड़ककर खाने से इसका स्वाद और भी बढ़ जाता है। गर्मियों में इसका शरबत एक बेहतरीन विकल्प है। फालसे को पानी में मसलकर बीज निकालें और थोड़ा गुड़ या चीनी मिलाकर शरबत बनाएं जो नेचुरल एनर्जी ड्रिंक की तरह काम करता है। अन्य फलों के साथ मिलाकर हेल्दी स्मूदी या जूस के रूप में भी इसका सेवन किया जा सकता है। हालांकि एक जरूरी सावधानी यह है कि फालसे का सेवन कभी भी खाली पेट नहीं करना चाहिए।









