चरक अस्पताल बीमार, मस्तराम अखाड़ा पर चैंबर बने तो दूर हो ड्रेनेज की समस्या

निगम को रोड बंद करने की अनुमति का इंतजार, गंदे पानी से गुजरने को मजबूर लोग

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। जिले के प्रमुख चरक अस्पताल में शौचालयों का गंदा पानी (मलमूत्र) खुले में बह रहा है। चैंबर चोक हैं और लोग गंदगी से होकर गुजर रहे हैं। माहौल बदबूदार है। लंबे समय से ड्रेनेज लाइन समस्या दूर करने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। लेकिन कोई न कोई बाधा आड़े आ रही है और काम पूरा नहीं हो पाता। नगर निगम ड्रेनेज लाइन का करीब 75 प्रतिशत काम पूरा कर चुकी है। अब मस्तराम अखाड़ा के यहां चैंबर बनाकर सीवरेज लाइन से जोडऩा बाकी रह गया है। जिसके लिए करीब 10-12दिन के लिए रोड बंद रखना जरूरी है।
चरक अस्पताल की ड्रेनेज लाइन शुरू से ही डिस्टर्ब रही। नतीजा अस्पताल शुरू होने के कुछ दिनों बाद से ही चैंबर फुल हो गए और उसके बाद से लगातार शौचालयों का मलमूत्र खुलेआम परिसर में बहता रहता है। समस्या के निदान के लिए वरिष्ठ लेबल पर भी प्लानिंग हुई। तय हुआ कि अस्पताल की ड्रेनेज लाइन अलग से डाल कर मैन सीवरेज लाइन से मिला दी जाए। इसके लिए करीब 55 लाख रुपए स्वास्थ्य विभाग नगर निगम को दे चुका है। नगर निगम ने इसके लिए जिला अस्पताल से क्षीरसागर, बहादुरगंज होते हुए मस्तराम अखाड़ा तक सेपरेट सीवरेज लाइन बिछा दी है। अब मस्तराम अखाड़ा चौराहे पर चैंबर बनाना है।
लोग हो रहे हैं परेशान
इधर, ड्रेनेज पानी के कारण जिला अस्पताल में लोग परेशान हो रहे हैं। गंदे पानी और बदबू के बीच होकर जाना पड़ रहा है। पुलिस चौकी के सामने तो चैंबर उफन रहा है और गंदगी फैल रही है।
10-12 दिन के लिए बंद रखना होगा रोड
नगर निगम सूत्रों के मुताबिक मस्तराम अखाड़ा चौराहा पर अस्पताल की सीवरेज लाइन को मुख्य सीवरेज लाइन से जोडऩे के लिए पहले चैंबर बनेगा, फिर लाइन जुड़ेगी। इस पूरी प्रक्रिया में करीब १०-१२10-12 निगम ने जिम्मेदारों तक अपनी डिमांड भेज है। जैसे ही परमिशन मिलती है, काम शुरू हो जाएगा। नगर निगम के जल कार्य समिति प्रभारी प्रकाश शर्मा ने बताया कि 75 प्रतिशत काम पूरा हो गया है। चैंबर बनते ही अलग सीवरेज लाइन शुरू हो जाएगी और अस्पताल की गंदे पानी की समस्या दूर हो जाएगी।









