तीन लेयर की सुरक्षा बेधने पर पुलिस ने बरसाईं लाठियां, लंबे समय बाद कांग्रेस ने दिखाया जोर

पहले जमीन पर लोट कर जगह बनाई, फिर घेरा प्रशासनिक संकुल, जिला पंचायत के वार्ड 16 से सदस्य राधा मालवीय नई युवा लीडर बनकर उभरीं
अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। किसान कांग्रेस अध्यक्ष अशोक जाट पर हुई जिलाबदर की कार्रवाई पर जिला कांग्रेस ने सोमवार को जमकर प्रदर्शन किया। प्रशासनिक संकुल की तीन लेयर की सुरक्षा बेध कर पहुंचे हजारों कार्यकर्ताओं ने 43 डिग्री तापमान पर करीब तीन घंटे तक किला लड़ाया। प्रशासनिक संकुल पर ज्ञापन चस्पा कर जिलाबदर आदेश निरस्त नहीं होने पर फिर से आंदोलन करने का अल्टीमेटम दिया। कांग्रेस के प्रदर्शन में जिला पंचायत के वार्ड 16 की सदस्य राधा मालवीय नई युवा लीडर बनकर उभरी हैं। उन्होंने तपते बैरिकेड्स लांघ दिए। हालांकि इस बीच पुलिस ने लाठीचार्ज भी किया, इसमें कुछ कांग्रेसी घायल हो गए।
अशोक जाट को पांच दिन पहले जिलाबदर किया गया था। इसके विरोध में जिला एवं शहर कांग्रेस के बैनर तले 8 मई को प्रदर्शन किया गया था। इंदौर के वरिष्ठ नेता अश्विन जोशी के देहांत पर तब प्रदर्शन तीन दिन के लिए स्थगित कर दिया था। बड़ी संख्या में कांग्रेसी कार्यकर्ता सोमवार को जिले भर से उज्जैन पहुंचने लगे तो पुलिस ने तगड़ी घेराबंदी कर दी। इन कार्यकर्ताओं को बडऩगर रोड पर मुरलीपुरा, कानीपुरा, आगर रोड पर रोका जाने लगा।
इस बीच की जानकारी जब जिला कांग्रेस अध्यक्ष और विधायक महेश परमार को लगी तो वह मौके पर पहुंचे और गांधीवादी तरीके से विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। उनका साथ रतलाम के किसान नेता डीपी धाकड़ ने भी दिया। यह लोग एएसपी आलोक शर्मा के पैरों में गिर पड़े और दंडवत (लोटने) करने लगे। यह देख एएसपी इधर-उधर होने लगे। किसी तरह कार्यकर्ता देवासरोड स्थित स्वीमिंग पूल पर एकत्र हुए तो इन्हें पहले कलेक्टर बंगले, फिर स्मार्टसिटी कार्यालय और फिर बृहस्पति भवन के पास बैरिकेडिंग कर रोका गया। थ्री लेयर सुरक्षा को धता बताते हुए करीब २ हजार से ज्यादा कार्यकर्ता पहुंच गए और नारेबाजी शुरू कर दी।
बैरिकैड्स पर चढ़े तो चली लाठियां
प्रशासनिक संकुल तक पहुंचने के लिए कार्यकर्ता बैरिकेड पर चढ़ गए। ४३ डिग्री तापमान में तपते बैरिकेड पर चढ़े कार्यकर्ताओं को रोकने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। फिर भी उनका हौसला कम नहीं हुआ। जिला पंचायत सदस्य राधा मालवीय ने तो बैरिकेड लांघकर प्रशासनिक संकुल तक दौड़ भी लगा दी। सीएसपी दीपिका शिंदे ने उन्हें रोकने की कोशिश की लेकिन तब तक वह प्रशासनिक संकुल के पास पहुंच गईं। यहां मौजूद केकड़ा फोर्स ने रोका और मालवीय को पीछे लौटाया।
ज्ञापन नहीं लेने आए अधिकारी तो संकुल गेट पर चस्पा किया
कांग्रेस का प्रदर्शनी करीब तीन घंटे तक चला। इस बीच प्रदर्शन को किसान कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह चौहान, विधायक महेश परमार, शहर कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश भाटी और जाट समाज के नेताओं ने संबोधित किया। नेता प्रतिपक्ष रवि राय ने आरोप लगाया कि प्रशासन के किसी भी अधिकारी ने धरना स्थल पर आकर ज्ञापन नहीं लिया। ऐसे में आक्रोशित किसानों ने ज्ञापन कलेक्टर कार्यालय के गेट पर ही चस्पा कर दिया और चेतावनी दी कि जल्द संज्ञान नहीं लिया तो आंदोलन और भी उग्र होगा।
फायर ब्रांड नेत्री बनकर सामने आईं
कांग्रेस के इस प्रदर्शन में राधा मालवीय फायर ब्रांड नेत्री बनकर सामने आईं। उन्होंने दिवंगत तत्कालीन विधायक कल्पना परूलेकर की याद ताजा कर दी। परूलेकर जिस जोश से सड़क पर लड़ती थीं, कुछ ऐसा ही अंदाजा राधा मालवीय का दिखा। नाक में नथ, खादी का सफेद कुर्ता, पायजामा और गले में तिरंगा लपेटी राधा ने प्रदर्शन में खूब गर्मजोशी दिखाई। अक्षरविश्व से चर्चा में राधा ने बताया कि राजनीति उन्हें विरासत में मिली है। पिता भीमराज और मां कला मालवीय खाचरौद जनपद सदस्य रह चुके हैं। करीब साढ़े तीन साल पहले राधा जिला पंचायत के वार्ड 16 से मैदान में उतरीं और जीत हासिल कर ली। 25 साल की राधा नईदिल्ली में पीएम आवास और संसद का घेराव कर चुकी हैं। हाल ही में वह चर्चा में तब आई जब उज्जैन-जावरा ग्रीनफील्ड हाईवे का विरोध करने पर गिरफ्तार 18 किसानों को लेकर उन्होंने प्रदर्शन किया और उन्हें छुड़वा लिया। यूथ कांग्रेस की महासचिव राधा कॉमर्स में पीजी हंै और पीएचडी कर रही हैं। वह महिला आरक्षण का सशक्त उदाहरण बनकर सामने आई है।
भाजपा नगर अध्यक्ष बोले
अपराधीकरण को बढ़ावा दे रही कांग्रेस
अपराधी किस्म के लोगों का समर्थन कर कांग्रेस अपराधीकरण को बढ़ावा दे रही है। इतना ही नहीं उनके लिए आंदोलन की नौटंकी भी कर रही है, जो उचित नहीं है। यह आरोप लगाते हुए भाजपा नगर अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने बताया किसान कांग्रेस के अध्यक्ष अशोक जाट लगातार मंडी में शांति भंग कर रहे थे और अधिकारियों को धमका रहे थे साथ ही अपराधिक गतिविधियों में भी थे उन पर कई प्रकरण भी दर्ज है, इसी के चलते कलेक्टर ने नियमानुसार उन पर जिलाबदर की कार्रवाई की जो उचित है, लेकिन कांग्रेस कार्रवाई से बौखला गई है और अपराधियों के लिए पैदल मार्च कर रही है इससे कांग्रेस की मानसिकता का पता चलता है कि उनके नेताओं का क्या चरित्र है। जनता सब देख रही है। कांग्रेस को अपराधीकरण को बढ़ावा नहीं देना चाहिए। पुलिस एवं प्रशासन के पास कांग्रेस नेता के खिलाफ पर्याप्त सबूत है। ्र









