मॉल में लगी अनूठी क्लास वेदपाठियों ने सीखी हिप्नोथैरेपी

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। आधुनिकता की चकाचौंध वाले कॉस्मॉस मॉल में संडे को अनूठी क्लास लगी। यहां चहल-पहल के बीच वेदपाठियों ने हिप्नोथैरेपी सीखी। भागमभाग भरे मौजूदा दौर में वे मन को एकाग्र और शांत रखने की प्रक्रिया से रूबरू हुए। दरअसल मॉल के बेसमेंट में वेदपाठी बच्चों की कार्यशाला में सम्मोहन हिप्नोथैरेपी सिखाई गई । हिप्नोथैरेपिस्ट संजय व्यास ने बताया कि वर्तमान में बच्चे डिप्रेशन, मानसिक पीड़ा एवं मोबाइल की लत के कारण खुद को एकाकी महसूस कर रहे हैं। यह स्थिति बच्चों में चिड़चिड़ा पन पैदा कर रही है। वह उग्र हो रहे हैं और माता-पिता से दूर हो रहे हैं।

क्या है हिप्नोथैरेपी: हिप्नोथैरेपी बच्चों को ऐसी परिस्थिति से निकालने में एक कारगर उपाय है। इसमें छोटी-छोटी प्रैक्टिस कराई जाती है। इससे बच्चों में सकारात्मक बदलाव आते हैं। वेद पाठी बच्चों को इसी कड़ी में हिप्नोथैरेपी सिखाई गई। ताकि उनके चेतन मन अवचेतन के असीम शक्तियां भी आ सके। यह उनके भीतर सकारात्मक परिणाम लाने व एकाग्रता बढ़ाने में कारगर है। इन बच्चों को डॉ सीता शर्मा ज्योतिषीय ज्ञान भी देंगे।









