IRCTC मनी लॉन्ड्रिंग केस: लालू-तेजस्वी समेत 9 पर आरोप तय, 7 आरोपी बरी

नई दिल्ली। IRCTC होटल टेंडर से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव समेत 9 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया है। वहीं, कोर्ट ने मामले में शामिल 7 अन्य आरोपियों को बरी कर दिया। यह मामला लालू यादव के रेल मंत्री रहने के दौरान IRCTC के दो होटलों के संचालन के टेंडर से जुड़ा है।
होटल टेंडर में गड़बड़ी का आरोप
मामला IRCTC के रांची और पुरी स्थित होटलों के संचालन के ठेके से जुड़ा है। आरोप है कि टेंडर प्रक्रिया में नियमों का उल्लंघन कर एक निजी कंपनी को फायदा पहुंचाया गया। इसके बदले पटना में जमीन से जुड़े लेन-देन के जरिए लाभ पहुंचाने का आरोप लगाया गया है।
अदालत ने प्रथम दृष्टया मामले में आगे मुकदमा चलाने के लिए पर्याप्त आधार माना है। कोर्ट ने यह भी कहा कि लालू प्रसाद यादव के खिलाफ लगाए गए आरोपों को केवल राजनीतिक कारणों से प्रेरित नहीं माना जा सकता।
लालू परिवार के खिलाफ पहले भी तय हो चुके हैं आरोप
इस मामले से जुड़े CBI केस में 2025 में लालू यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव और अन्य के खिलाफ आरोप तय किए जा चुके हैं। अब ED से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में भी आरोप तय करने का आदेश दिया गया है। सभी आरोपियों को अदालत के समक्ष आगे की कार्यवाही के लिए पेश होना होगा।
3 अक्टूबर को पेश होने का निर्देश
अदालत ने आरोप तय किए गए सभी आरोपियों को 3 अक्टूबर को पेश होने का निर्देश दिया है। मामले में अब आरोपों पर ट्रायल की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। आरोप तय होना दोष सिद्ध होना नहीं है; मामले में अभियोजन और बचाव पक्ष के साक्ष्यों के आधार पर आगे न्यायिक प्रक्रिया चलेगी।









