उज्जैन की ‘मुस्कान’ सहित 3 को आजीवन कारावास

दस साल के बेटे के सामने हुई थी पिता की हत्या, उसकी ही गवाही ने दिलाई सजा
घर में प्रेमी के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लेने पर मार डाला था पति को
उज्जैन। प्रेमी के साथ आपत्तिजनक हालत में पकड़ी गई उज्जैन की मुस्कान सहित तीन लोगों को कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मुकदमे की खास बात यह है कि मृतक के 10 वर्षीय बेटे की गवाही पर कोर्ट ने यह फैसला सुनाया। बेटे ने अपने पिता को मारते हुए मां, उसके प्रेमी और दोस्त को देखा था। उसने कोर्ट में पूरी घटना लाइव बताई थी। अपर सत्र न्यायाधीश राकेशकुमार शर्मा ने गवाही को सबसे पुख्ता सबूत माना और सजा दी। आरोपियों पर 31 हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया गया है। अभियोजन की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक नितेश कृष्णन और एडीपीओ भारतसिंह कनेल ने की।
उपनिदेशक अभियोजन राजेंद्रकुमार खांडेगर ने बताया बिरलाग्राम के झिरन्या में 24 दिसंबर 2022 को जितेंद्र बंजारा की हत्या हुई थी। उसकी लाश घर के पास गड्ढे में मिली थी। उसके पिता की शिकायत पर पुलिस ने जांच की तो पता चला कि हत्या तो जितेंद्र की पत्नी पूजा ने प्रेेमी राकेश और उसके दोस्त ईश्वर के साथ मिलकर ही है। दरअसल पूजा के संबंध राकेश से थे और घटना वाले दिन जितेंद्र ने पूजा और राकेश को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया।
प्रतिरोध करने पर राकेश ने फोन लगाकर दोस्त ईश्वर को बुलाया और तीनों ने मिलकर जितेंद्र की हत्या कर दी। राकेश ने जितेंद्र की गरदन मरोड़ी,ईश्वर ने लातों से जितेंद्र के गुप्तांग पर प्रहार किए और पूजा ने हथौड़ी से जितेंद्र के सिर पर वार कर उसका काम तमाम कर दिया। तीनो ने शव घर के पास गड्ढे में फेंक दिया। पुलिस ने वारदात के चश्मदीद जितेंद्र के 8 वर्षीय बालक के बयान दर्ज किए। सुनवाई के दौरान बालक के बयान को महत्वपूर्ण साक्ष्य माना और आरोप सिद्ध होने पर राकेश सिंह कुशवाह (28), ईश्वरसिंह बंजारा (26) पूजा बंजारा (26) को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इन पर 31 हजार रुपए का अर्थदंड भी किया।









