एलिवेटेड रोड : मकोडिय़ा आम क्षेत्र से पहले शुरू हो सकता है काम, इंदौर गेट तरफ देरी से

उज्जैन। शहर के पहले एलिवेटेड रोड (इंदौरगेट-इंदिरानगर चौराहा ) का इंदौरगेट क्षेत्र में विरोध होने के बाद अब इसका काम मकोडिय़ा आम क्षेत्र से शुरू हो सकता है। इसके लिए पीडब्ल्यूडी विभाग ने अपनी तैयारी तेज कर दी है। फिलहाल वह प्रशासन की हरी झंडी का इंतजार कर रहा है, जो फिलहाल नागपंचमी और सावन की तैयारी में जुटा हुआ है।
दरअसल, इंदौरगेट-देवासगेट क्षेत्र के व्यापारी और रहवासी एलिवेटेड रोड की हलचल से डरे हुए हैं। उनका डर इसलिए भी है कि घनी बसाहट वाले इस इलाके में वे 2016 में भी जमीन दे चुके हैं। एलिवेटेड रोड बनने से उनकी दुकानें नीचे की तरफ आ जाएंगी और इसका असर कारोबार पर होने की उम्मीद रहेगी। ऐसे में वह चाहते है कि एलिवेटेड रोड का काम रेलवे वाले हिस्से में हो, जहां खाली जमीन मौजूद है। फिलहाल पीडब्ल्यूडी विभाग ने रोड की डिजाइन मे किसी भी तरह के चेंज से इंकार किया है। ऐसे में इसका बनना तय हो गया है।
विरोध का डर, इसलिए पीछे से शुरू होगा काम: एलिवेटेड रोड का काम इंदिरानगर चौराहे से शुरू करने की योजनाा बनाई जा रही है। इसी महीने की 21 तारीख से काम शुरू किया जा सकता है। 330 करोड़ रुपए से बनने वाले ब्रिज के लिए जमीन अधिग्रहण भी की जानी है। इसके लिए 600 करोड़ रुपए तक का मुआवजा देना पड़ सकता है। 3.7 किलोमीटर लंबे इस रोड का काम शुरू करने की तैयारी पूरी हो चुकी है। एलिवेटेड रोड शहर के ट्रैफिक को कंट्रोल करने में काफी मददगार रहेगा। अभी हरिफाटक ब्रिज से इंदिरानगर चौराहे तक जाने में दस जगह रुकना पड़ता है।









