विक्रम विवि में बनेगा किसान भवन

प्रस्ताव तैयार : मालवा के किसान रुक सकेंगे, भोजन की व्यवस्था भी रहेगी

वित्तीय सहायता के लिए मंडी बोर्ड से चल रही बात
अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। विक्रम विश्वविद्यालय किसान भवन बनाएगा। किसान भवन की खासियत यह होगी कि यहां स्टूडेंट्स किसानों के अनुभव से रूबरू होंगे। इसके अलावा किसान कृषि वैज्ञानिकों से आधुनिक और उन्नत खेती के गुर भी सीख सकेंगे। एक्सपर्ट उन्हें किस खेती के लिए कौन सा मौसम उपयुक्त रहेगा, इसकी जानकारी भी देंगे।
फिलहाल भवन बनाने के लिए मंडी बोर्ड से वित्तीय सहायता मांगी जा रही है। विक्रम विश्वविद्यालय ने किसान भवन के लिए प्रस्ताव तैयार किया है। विवि परिसर में कृषि अध्ययनशाला के नजदीक इसका निर्माण करवाया जाएगा जहां किसान रुक सकेंगे। इस भवन में कॉन्फ्रेंस हॉल के साथ विश्राम कक्ष बनाए जाएंगे। साथ ही मेस की व्यवस्था भी होगी।
कृषि स्टूडेंट्स का किसानों से होगा इंटरएक्शन
दरअसल, कृषि में अध्ययनरत स्टूडेंट्स के लिए रूलर एग्रीकल्चर वर्क एक्सपीरियंस अनिवार्य किया गया जिसके बिना उन्हें डिग्री नहीं मिलेगी। वर्तमान में स्कूल ऑफ एग्रीकल्चर में 1100 से ज्यादा विद्यार्थी हैं। किसान भवन बनने से इस विषय के विद्यार्थी किसानों से इंटरएक्शन कर सकेंगे और उनके अनुभव का लाभ ले सकेंगे।
फंड के लिए मंडी बोर्ड से बात
किसान भवन के निर्माण के लिए विश्वविद्यालय को फंड की जरूरत होगी। इसके लिए विवि मंडी बोर्ड को विशेष तौर पर जोड़ेगा क्योंकि इस तरह के काम के लिए मंडी बोर्ड वित्तीय सहायता प्रदान करता है। ऐसे में विवि प्रशासन चाहता है कि किसान भवन निर्माण में मंडी बोर्ड फंड उपलब्ध करवाए। इसके लिए शासन स्तर पर मंडी बोर्ड से चर्चा की जा रही है।
किसान भवन का प्रस्ताव तैयार किया है। मंडी बोर्ड से वित्तीय सहायता मिल सके, इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं। किसान भवन बनने से किसानों को जहां नई तकनीक सीखने को मिलेगी, वहीं कृषि स्टूडेंट्स भी किसानों से जुड़कर उनके अनुभव का लाभ उठा सकेंगे। –प्रो. अखिलेश कुमार पांडेय, कुलपति, विक्रम विवि









