शिप्रा नदी पर घाट का कॉरिडोर बनने का रास्ता साफ, एग्रीमेंट की तैयारी

सीएम ने बैठक लेकर जारी कराया स्वीकृति का पत्र

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। सिंहस्थ 2028 में शिप्रा नदी के दोनों ओर शनि मंदिर से सिद्धनाथ मंदिर तक घाट बनाने का रास्ता पूरी तरह साफ हो गया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्वयं इसकी बैठक लेकर टेंडर स्वीकृति पत्र जारी कराया। अगले हफ्ते में ठेकेदार कंपनी के साथ एग्रीमेंट कर काम शुरू करने की तैयारी की जाएगी।
आने वाले सिंहस्थ से पहले इस बार शिप्रा नदी किनारे के 29 किमी लंबे घाट बनाए जाएंगे। एक तरफ 14.5 किलोमीटर और दूसरी तरफ भी इतने ही घाट बनाए जाएंगे। इंदौर की फ़लौदी कंस्ट्रक्शन कंपनी ने 563.28 करोड़ रुपए में यह काम करने का ठेका लिया है। हालांकि विभाग ने 593 करोड़ रुपए का टेंडर लगाया था। टेंडर स्वीकृति के लिए शासन को भेजा गया था।
सूत्रों के अनुसार सीएम डॉ. मोहन यादव ने प्रोजेक्ट की प्राथमिकता के चलते गत सोमवार को भोपाल में बैठक बुलाई और कंपनी को एलओए (लेटर ऑफ एक्सेप्टेंस) जारी करने के निर्देश दिए। बुधवार को कंपनी के साथ एग्रीमेंट की प्रक्रिया पूरी कर घाट बनाने की तैयारी की जाएगी। यह काम बारिश बाद युद्धस्तर पर होने की उम्मीद है।









