शंकराचार्यजी का विरोध, सनातन का अपमान: महामंडलेश्वर पवित्रानंद गिरी

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। किन्नर अखाड़े के महामंडलेश्वर पवित्रानंद गिरी ने कहा कि शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद विवाद से सनातन को नुकसान हो रहा है। उनका विरोध सनातन का अपमान है। उनका विरोध करके लोग सनातन को पीछे ले जाने का काम कर रहे हैं। यह पाखंड नहीं होना चाहिए। महामंडलेश्वर पवित्रानंद गिरी बुधवार रात अक्षरविश्व से चर्चा कर रहे थे। उनसे ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद जी साथ चल रही कंट्रोवर्सी को लेकर सवाल पूछा गया था। प्रस्तुत है उनसे बातचीत के अंश…

Q. शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद जी के साथ चल रहे घटनाक्रम को आप कैसे देखते हैं, क्या इससे सनातन को नुकसान हो रहा है?
A. इस कंट्रोवर्सी से सनातन को नुकसान हो रहा है। शंकराचार्य जी के साथ पाखंड नहीं करना चाहिए। माघ मेला हो या कुंभ मेला हो। विरोध नहीं होना चाहिए था। दरअसल, हर जगह विरोध होते हैं, घर-परिवार में, समाज में, धर्म में, राजनीति में। यह लोग सामने वाले को पीछे ले जाना चाहते हैं। शंकराचार्य जी के विरोधी भी सनातन को पीछे ले जाना चाहते हैं। शंकराचार्य जी बहुत अच्छे हैं। वह सनातन का प्रचार कर रहे हैं। ऐसे कृत्य नहीं होने चाहिए।
Q. हाईप्रोफाइल कथावाचक उत्तम स्वामी पर रेप का आरोप लगा है, क्या इससे सनातन की गरिमा नहीं गिर रही है?
A. बुआबाजी और साधुबाजी सच्चाई पर नहीं चलती। गलतियां इंसान सोच-समझकर ही करता है। अंजाने में नहीं करता है। बड़े कथाकार अपने यजमान से प्यार करते हैं। रेप के आरोप का सामना करने वाले यह पहले स्वामीजी नहीं हैं, उनके पहले भी कई लोगों पर आरोप लग चुुके हैं। जहां आडंबर आ जाता है,जहां बहुत सारी धन-दौलत आ जाती है, वहां लोग जमीर भूल जाते हैं। ऐसी घटनाएं घट जाती हैं।
Q. हमारे ऋषियों ने माया-मोह से दूर होने की बात की है, पर आज तो साधु-संत इसमें ही लिप्त हैं?
A. कथाकार मायामोह की बात करते हैं लेकिन बदनाम सनातन हो रहा है। ऐसे बहुत से साधु-संत हैं, जिन्हें पैसे से प्यार है। उनकी वजह से सनातन पीछे जा रहा है। इसके लिए हमें सनातन को समझना होगा। सनातन तिरंगा से भी बड़ा है। कुछ लोग इसे खराब जरूर करते हैं लेकिन लोग जितना खराब करने की कोशिश करते हैं, यह और ऊंचा होता जाता है।
Q. किन्नर अखाड़े को लेकर कंट्रोवर्सी चल रही है, इसे कैसे देखते हैं?
A. कंट्रोवर्सी कुछ नहीं है। ममता कुलकर्णी को लेकर थोड़ी बात थी। मगर इंसान को प्रारब्ध से देखना चाहिए। प्रारब्ध के मुताबिक अगर कोई अपराध हुआ है तो उस आज (वर्तमान) से दूर रखना चाहिए। आज राजनीति हर जगह हो रही है। यह तो चलती रहेगा। बहुत सारी नॉनसेंस बातें हैं, पर यह नहीं होना चाहिए। सनातन का वजूद बना रहना चाहिए।
Q. 2016 में किन्नर अखाड़ा बहुत पॉपुलर रहा था, 2028 की क्या तैयारी है?
A. 2028 की खूब अच्छी तैयारी है। मध्यप्रदेश सरकार के स्तर पर अच्छे काम हो रहे हैं। सीएम डॉ. मोहन यादव अच्छा काम कर रहे हैं। उन्होंने उज्जैन ही नहीं पूरा एमपी बदल दिया है। वह अच्छा सिंहस्थ कराएंगे। आज यूथ बहुत तेजी से सनातन की तरफ आ रहे हैं। पहले यूथ को लेकर आशंका थी कि वह बिगड़ रहे हैं लेकिन हमारे यंगस्टर धर्मालु हो रहे हैं, सनातन का समझ रहे हैं। इस बार का सिंहस्थ उनका होगा।
Q. मगर हमारे जेन जी तो रील में गुम है, उसका क्या?
A. ऐसा नहीं है। यूथ प्लसेमेट से दूर है। उनके पास नौकरियां नहीं हैं। ऐसे में वह अपनी खुशियां रील में तलाश रहे हैं। मेरी सरकारों से दरख्वास्त है कि वह यूथ को काम दें। उनका प्लेसमेंट करें।
Q. आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में एक आम आदमी कैसे धर्म के लिए समय निकाल सकता है?
A. आमआदमी को अपने लिए समय खुद ही निकालना होगा। खुद की उन्नति के लिए उसे बदलना होगा। यह आसान है, जब हम शरीर और सुविधा के लिए समय निकाल सकते हैं तो धर्म के लिए क्यों नहीं निकाल सकते।








