कैदी को मारपीट से बचाने के एवज में सहायक जेल अधीक्षक मांग रहा था घूस

15 हजार के साथ लोकायुक्त ने दबोचा
खाचरौद उपजेल में बंद कैदी के जीजा ने की थी लोकायुक्त एसपी को शिकायत, फिर बनाया गया प्लान
अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। उज्जैन जिले की खाचरौद उपजेल में शुक्रवार को उस वक्त हडक़ंप मच गया जब लोकायुक्त उज्जैन की टीम ने सहायक जेल अधीक्षक को १५ हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगेहाथों गिरफ्तार कर लिया। वह जेल में बंद कैदी को मारने-पीटने से बचाने के एवज मेें घूस मांग रहा था। इसकी शिकायत कैदी के जीजा ने लोकायुक्त को की थी जिसके बाद सहायक जेल अधीक्षक को पकड़ा गया।
दरअसल, उज्जैन के रहने वाले आवेदक जितेंद्र गोमे ने 31 जुलाई को लोकायुक्त एसपी आनंद कुमार यादव को शिकायत की थी। उसने बताया था कि मेरा साला कनवर सिसौदिया उपजेल खाचरौद में बंद है। वहां का सहायक जेल अधीक्षक सुरेंद्र सिंह राणावत साले को नहीं मारने-पीटने के लिए मुझसे ३० हजार रुपए की मांग कर रहा है। जांच में शिकायत सही पाई गई जिसके बाद ट्रेप प्लान किया गया। ट्रेप के मुताबिक शिकायतकर्ता जितेंद्र गोमे को दोपहर में सहायक जेल अधीक्षक राणावत के पास भेजा गया। जैसे ही राणावत ने रिश्वत के 15 हजार रुपए लिए लोकायुक्त टीम ने उसे धरदबोचा।
यह रहे टीम में शामिल
टीम में डीएसपी दिनेशचंद्र पटेल, निरीक्षक हिना डावर, का.वा. प्रधान आरक्षक हितेश ललावत, आरक्षक श्याम शर्मा, आरक्षक रमेश डावर, आरक्षक उमेश जाटव, आरक्षक नीरज कुमार, कम्प्यूटर टाइपिस्ट अंजलि पुरानिया शामिल रहे।









