ट्रेनें खचाखच भरीं, चार्टर्ड बसें फुल लौटने वालों यात्रियों को सीट नहीं

त्योहारी भीड़ : अधिक दूरी की यात्रा करने वाले हुए परेशान- कम पड़ी 80 ट्रेनें, १५० से अधिक बसें

अक्षरविश्व न्यूज:उज्जैन। रक्षाबंधन पर शहर में आवागमन के साधन कम पड़ गए। लंबी दूरी की यात्रा करने वालों को न ट्रेन में जगह मिली न बसों में। कुछ ट्रेनों में प्रीमियम रेट पर एसी क्लास में बमुश्किल बर्थ मिल रही थी। जबकि बसें फुल थीं। शहर से आम तौर पर करीब 80 यात्री ट्रेनें और 150 से अधिक लंबी दूरी की यात्री बसें (चार्टर्ड) गुजरती हैं। इतने साधन भी कम पडऩा संकेत है सिंहस्थ के पहले व्यवस्थाओं में इजाफा करने का।
शहर में रक्षाबंधन के दिन दूरदराज की यात्रा करने वाले यात्रियों की फजीहत हो गई। हालात यह थे कि भोपाल जाने के लिए भी साधन नहीं थे। ट्रेनें फुल थी। स्लीपर कोच भी गैर आरक्षित यात्रियों से भरे थे। कुछ ट्रेनों में सिर्फ प्रीमियम रेट पर दोगुने भाव पर एसी क्लास के टिकट उपलब्ध थे। रतलाम रेल मंडल पीआरओ खेमराज मीणा का कहना है कि रेलवे ने अपनी क्षमतानुसार अधिक से अधिक त्यौहार स्पेशल ट्रेनें भी चलाई हैं। पहले से चल रही समर स्पेशल के फेरे भी बढ़ाए हैं। सिंहस्थ के पहले रेल सुविधाओं में काफी इजाफा होगा।
चार्टर्ड बसों में भी सीट-बर्थ नहीं
शहर से करीब 150 से अधिक चार्टर्ड बसें गुजरती हैं। जो मध्यप्रदेश के अलावा उत्तरप्रदेश, उत्तरांचल, राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात के विभिन्न शहरों तक सीधी जाती हैं। इन बसों में भी जगह नहीं थी। ट्रेवल एजेंसी संचालक दिनेश रायकवार का कहना है कि पिछले ४-५ दिनों से लंबी दूरी की बसें फुल हैं। जन्माष्टमी तक यही हाल रहना है।
रविवार को भी स्टेशन पर भीड़
रक्षाबंधन के अगले दिन रविवार की सुबह भी रेलवे स्टेशन पर खासी भीड़ थी। भोपाल की ओर से आने-जाने वाली ट्रेनें खचाखच थी।









