राममंदिर चोरी केस, आरोपियों के घर बुलडोजर चलेगी

चढ़ावा चोरी की परतें खोलने के लिए स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) गुरुवार दोपहर ठीक 3 बजे राम मंदिर परिसर पहुंची। इससे पहले एसआईटी की टीम जून महीने में लगातार 11 दिनों तक यहां डेरा डालकर बारीकी से सबूत जुटा चुकी है।
वहीं दूसरी तरफ, अयोध्या पुलिस की टीम भी सुबह 11 बजे मंदिर पहुंच गई। पुलिस अधिकारियों ने करीब दो घंटे तक उस संवेदनशील कमरे का चप्पा-चप्पा देखा, जहां भक्तों द्वारा चढ़ाए गए दान और चढ़ावे की गिनती की जाती थी।
24 घंटे की रिमांड पर मुख्य आरोपी, वकीलों ने खोला मोर्चा
पुलिस ने जेल में बंद मुख्य आरोपी अविनाश शुक्ला को 24 घंटे की रिमांड पर लिया है। गिनती करने वाले अविनाश के घर से राम मंदिर का संदूक, 20 लाख रुपये कैश और भारी मात्रा में विदेशी डॉलर व जेवरात बरामद हुए थे।
इस बीच, सुबह करीब पौने बारह बजे अयोध्या के 500 से अधिक वकील इंसाफ के लिए सड़कों पर उतर आए। वकीलों ने चंपत राय, अनिल मिश्रा और गोपाल राव के खिलाफ सिविल लाइन चौकी में शिकायत देकर एफआईआर (FIR) दर्ज करने की मांग की।
नियमों की धज्जी उड़ाने वाले आरोपियों के आलीशान घरों पर चलेगा बुलडोजर
प्रशासन अब इस चोरी के आरोपियों के खिलाफ बेहद सख्त आर्थिक कार्रवाई करने के मूड में है। अयोध्या विकास प्राधिकरण (ADA) ने उन आरोपियों के घरों को चिन्हित कर लिया है, जो बिना नक्शा पास कराए अवैध रूप से बनाए गए थे।
चढ़ावे की गिनती करने वाले आरोपी लवकुश मिश्रा और अनुकल्प मिश्रा के नए मकानों पर जल्द ही बुलडोजर चल सकता है। विभाग ने कार्रवाई आगे बढ़ाते हुए लवकुश की पत्नी सुप्रिया मिश्रा को आधिकारिक नोटिस भी थमा दिया है।
सोशल मीडिया पर नोटों की गड्डियों का वीडियो वायरल, पुलिस हैरान
इसी बीच इंटरनेट पर एक नया वीडियो सामने आने से हड़कंप मच गया है। इस वीडियो में मुख्य आरोपी अविनाश शुक्ला का भाई अमित शुक्ला अपने हाथों में नोटों की गड्डियां लिए दिख रहा है। पुलिस इस वीडियो की सत्यता की जांच कर रही है।
ट्रस्ट के अंदर मची रार: महंत दिनेंद्र दास ने गोपाल राव को ठहराया कसूरवार
चोरी के इस बड़े मामले ने अब राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के अंदरूनी मतभेदों को भी उजागर कर दिया है। ट्रस्टी महंत दिनेंद्र दास महाराज ने खुलकर पूर्व पदाधिकारी और निर्माण प्रभारी गोपाल राव पर इस पूरी गड़बड़ी और राजनीति करने का सीधा आरोप मढ़ा है।
चंपत राय के बाद अब ट्रस्टी अनिल मिश्रा से होगी तीखी पूछताछ
मामले में रविवार को महासचिव चंपत राय से 3 घंटे लंबी पूछताछ हो चुकी है। अब उनके बयानों को क्रॉस चेक करने के लिए पुलिस आज दूसरे बड़े ट्रस्टी अनिल मिश्रा से पूछताछ कर सकती है कि आरोपियों की नियुक्ति में उनकी क्या भूमिका थी।
बता दें कि यह पूरा घोटाला सबसे पहले 7 जून को सामने आया था। सरकार ने 13 जून को एसआईटी बनाई और 25 जून को एफआईआर दर्ज कर 8 लोगों को जेल भेजा गया, जिसके तुरंत बाद चंपत राय और अनिल मिश्रा ने इस्तीफा दे दिया था।









