चरक भवन की दीवार कूदकर भागा आरोपी, 4 घंटे तक जीने के नीचे छिपा रहा, दबोचा, अब तीसरा केस भी चलेगा

अक्षरविश्व न्यूज उज्जैन। चिमनगंज थाने से मेडिकल के लिए चरक भवन लाया गया धोखाधड़ी का एक आरोपी छह फीट ऊंची दीवार कूदकर फरार हो गया। 4 घंटे तक वह बहादुरगंज की एक धर्मशाला में जीने के नीचे छिपकर पुलिस को चकमा देने की कोशिश करता रहा लेकिन सीसीटीवी फुटेज तलाशते हुए पुलिस पहुंच गई और उसे दबोच लिया। अब आरोपी की फिर से गिरफ्तारी होगी।
दरअसल, एलआईजी इंदिरानगर का निवासी नीरज श्रीवास्तव प्रापर्टी ब्रोकर है। पर वह ग्राहकों के साथ जालसाजी भी करता है। उसने तिरुपतिधाम में रहने वाली जयश्री मालवीय और राहुल मालवीय के मकान का सौदा भवानी सिंह परमार से कराया था। इसके लिए उसने परमार से ३.६० लाख रुपए लिए थे। हालांकि यह मकान दो बार पहले भी बिक चुका था और इसे लेकर विवाद चल रहा था। जयश्री और राहुल ने पहली बार यह मकान संदीप गुप्ता और दूसरी बार अंकित वर्मा को बेचा था। दोनों ही सौदे नीरज के जरिये हुए थे।
इन सौदों में एडवांस राशि लेने के बाद विक्रेता मुकर गए और इस तरह लोगों का पैसा फंस गया। टीआई विवेक कनोडिया के मुताबिक अंकित वर्मा की रिपेार्ट पर जयश्री, राहुल और नीरज को पुलिस गिरफ्तार कर चुकी थी। यह जेल में थे। इस बीच भवानीसिंह ने भी इनके खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई तो इन्हें प्रोडक्शन वारंट पर पूछताछ के लिए लाया गया था। इनका रिमांड बुधवार को पूरा हो रहा था ऐसे में मेडिकल के लिए तीनों को चरक भवन लाए थे।
इन्हें हथकड़ी के बजाय रस्सी लगाई थी। जयश्री और राहुल का जब चैकअप चल रहा था, उस समय नीरज की रस्सी खुली थी और इसी समय नीरज भाग निकला। चरक भवन की छह फीट ऊंची दीवार कूदकर यह बहादुरगंज पहुंच गया। यहां वह राजपूत धर्मशाला के जीने के नीचे जाकर छिप गया था। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो आरोपी धर्मशाला के आसपास दिखा। तलाशी के दौरान इसे दबोच लिया गया।
फिर से होगी गिरफ्तारी: नीरज के खिलाफ पुलिस अब तीसरा केस दर्ज करेगी। यह केस हिरासत से भागने का होगा और इसमें तीसरी बार उसकी गिरफ्तारी होगी। एक मामले में वह न्यायिक हिरासत में रहेगा, दूसरे में रिमांड खत्म होने पर कोर्ट पेश किया जाएगा और तीसरे में फिर से कोर्ट पेशी होगी।









